गंगोलीहाट (पिथौरागढ़)। 15 असम राइफल्स में तैनात सिमलकोट निवासी महेंद्र सिंह मेहता की शहादत से पूरे क्षेत्र में शोक छा गया। उनके पार्थिव शरीर के गांव पहुंचने पर अंतिम दर्शन के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ी।
महेंद्र सिंह के पिता बहादुर सिंह 15 कुमाऊं रेजिमेंट में तैनात थे। उनके भतीजे मनीष मेहता तीन कुमाऊं में तैनात हैं। महेंद्र की बड़ी बेटी पूजा मेहता 10 साल की हैं, वह असोम के स्कूल में कक्षा चार में पढ़ती हैं। सात साल का बेटा अर्पित एलकेजी में पढ़ता है। शहीद के दोनों बच्चे सेना में भर्ती होकर देश सेवा करना चाहते हैं।
तहसीलदार दिनेश कुटौला, आरएसआई संजय पंवार और विजय साहनी ने उनके परिवार को सांत्वना दी। उन्होंने कहा कि वह इस दुख में शहीद के परिवार के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि वह परिवार की हरसंभव मदद करेंगे। शहीद के अंतिम संस्कार में हवलदार धन सिंह, एसओ दिनेश बल्लभ, एसआई प्रकाश पांडे, राकेश बोरा और कांस्टेबल राहुल सिंह मौजूद रहे।
कई जनसंगठनों ने दुख जताया
गंगोलीहाट (पिथौरागढ़)। महेंद्र सिंह मेहता के शहीद होने पर कई जन संगठनों ने शोक संवेदना जताई है। उनके निधन पर विधायक मीना गंगोला, पूर्व विधायक नारायण राम आर्या, व्यापार मंडल अध्यक्ष हरीश धानिक, नगर पंचायत अध्यक्ष जयश्री पाठक, पूर्व प्रमुख ललित पाठक, हिमालयन ग्राम समिति के अध्यक्ष राजेंद्र बिष्ट, भाजपा नेता गोकुल गंगोला, कांग्रेस नेता जगत सिंह खाती, खजान गुड्डू आदि ने शोक जताया है।
शहीद के चाचा को तिरंगा सौपते आसाम राइफल के हवलदार।- फोटो : PITHORAGARH