हल्द्वानी। जिले में शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) की 750 सीटें इस बार नहीं भर पाई हैं। तीन बार आवेदन प्रक्रिया के बाद आरटीई की सीटें खाली रह गई हैं। जिले में सत्र 2022-23 के लिए 3176 सीटें आरक्षित हैं। सभी सीटों पर आवंटन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। प्रवेश के लिए तीन सूची निकाली गई। 15 नवंबर को चयन प्रक्रिया की अंतिम लॉटरी निकाली गई। चयनित विद्यार्थियों को 25 नवंबर तक निजी विद्यालयों में प्रवेश दिया जाएगा।
आरटीई की शुरुआत से जिले में अब तक 8335 विद्यार्थी शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत कक्षा एक आठ तक की पढ़ाई का निशुल्क लाभ ले चुके हैं। इसके तहत निजी विद्यालयों में 25 प्रतिशत सीटें आरक्षित रहती हैं। आरटीई के तहत प्रवेश पाने वाले छात्र-छात्राओं को शिक्षा विभाग के माध्यम से फीस, ड्रेस, मिड्डे मील का शुल्क दिया जाता है। वर्तमान में शुल्क राशि बढ़कर 1893 रुपये हो गई है। बच्चों के खातों में अब यह राशि डीबीटी के माध्यम से भेजी जाएगी जबकि पूर्व में एक बच्चे को 1383 रुपये दिए जाते थे।
मुख्य शिक्षा अधिकारी केएस रावत ने बताया कि आरटीई की प्रवेश प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। आरक्षित सीटों के सापेक्ष 750 सीटें रिक्त रह गई हैं। आरटीई के तहत आवेदन पत्रों में पाई गई खामियों, चयनित विद्यार्थियों को नजदीकी स्कूल न मिल पाने के कारण ये सीटें नहीं भर पाई हैं।