बारिश और ओलावृष्टि से किसानों की फसल पूरी तरह चौपट हो गई है। कई किसानों ने बैंकों से फसली ऋण ले रखा है। फसल चौपट होने से ऋण के बोझ से दबे किसानों में भारी मायूसी है। कई प्रदेशों में फसल बर्बाद होने से आहत किसान ऋण नहीं चुका पाने के भय से आत्महत्या कर रहे हैं। केंद्र सरकार ने किसानों की समस्या को देखते हुए किसानों की ऋण वसूली में राहत देने के निर्देश आरबीआई को दिए हैं।
इधर, जिला लीड बैंक प्रबंधक केआर आर्य नेे बताया कि फिलहाल भारत सरकार के वित्त मंत्रालय ने किसानों को ऋण वसूली में राहत देने के लिए आरबीआई को निर्देश तो जारी कर दिए हैं। इस आशय के निर्देश स्टेट लेबल बैंकर्स कमेटी को भी जारी हुए हैं। जिला लीड बैंक स्टेट लेबल बैंकर्स कमेटी से गाइड लाइन प्राप्त होते ही जिले के सभी बैंकों को किसानों से अगली फसल तक ऋण की वसूली नहीं करने के निर्देश जारी करेगा। फिलहाल जिला लीड बैंक के पास यह निर्देश नहीं पहुंचे हैं। गाइड लाइन प्राप्त होते ही किसानों से ऋण वसूली बंद कर दी जाएगी। उन्होंने बताया कि जिले में दिसंबर 2014 तक कृषि क्षेत्र में 605.24 करोड़ रुपए ऋण देने के अलावा 21,199 किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड के तहत लोन दिया गया है।