हल्द्वानी। शासन ने एमबीपीजी कॉलेज में लंबे समय से रिक्त चल रहे प्राचार्य के पद पर स्थायी प्राचार्य की तैनाती कर दी है। खानपुर (हरिद्वार) महाविद्यालय की प्राचार्य डा. बीना खंडूरी को एमबीपीजी कॉलेज के प्राचार्य पद पद भेजा गया है। तैनाती के आदेश शासन के संयुक्त सचिव एमएम सेमवाल ने जारी किए हैं। एमबीपीजी के प्राचार्य पद पर डेढ़ वर्ष बाद स्थायी प्राचार्य की तैनाती की गई है।
प्रदेश के 14 राजकीय महाविद्यालयों में प्राचार्य के पद रिक्त हैं। इनमें से दो पीजी के और 12 डिग्री स्तर के महाविद्यालय शामिल हैं। पीजी महाविद्यालयों में प्राचार्य पद के लिए शासन में पिछले माह डीपीसी हुई थी जिसमें खानपुर महाविद्यालय की प्राचार्य डा. बीना खंडूरी और रायपुर महाविद्यालय की प्राचार्य डा. अंजू अग्रवाल को प्रोन्नति देकर पीजी प्राचार्य बनाया गया। मंगलवार को शासन ने डीपीसी के आधार पर दोनों प्रोन्नत पीजी प्राचार्यो की तैनाती के आदेश जारी किए गए हैं।
अभी तक एमबीपीजी कालेज में प्रभारी प्राचार्य का कार्यभार रुद्रपुर कालेज के प्राचार्य डा. जीएस बिष्ट देख रहे हैं, उन्होंने एमबीपीजी का कार्यभार देखने में असमर्थता जताते हुए वीआरएस लेने के लिए आवेदन भेजा हुआ है। प्रभारी निदेशक उच्चशिक्षा डा. एससी पंत ने बताया कि दोनों महाविद्यालयों में स्थायी प्राचार्य की तैनाती हुई है।
कौन-कौन रहे प्रभारी प्राचार्य
तत्कालीन प्राचार्य डा. जगदीश प्रसाद के निलंबन के बाद कर्णप्रयाग के प्राचार्य डा. जीसी घिल्डियाल की तैनाती की गई मगर उन्होंने पारिवारिक कारणों से ज्वाइन करने से इनकार कर दिया। एमबीपीजी के पांच वरिष्ठ प्राध्यापकों द्वारा प्राचार्य पद संभालने से इनकार करने पर तत्कालीन प्रभारी निदेशक डा. सविता मोहन ने एमबीपीजी की ही डा. लीला तिवारी को प्रभारी प्राचार्य बनाया। इसके बाद मानिला कॉलेज की प्राचार्य डा. रेखा पांडे को जून 2018 में यहां का प्रभारी प्राचार्य पद का कार्यभार दिया गया। डा. पांडे का यहां महिला कालेज में प्राचार्य पद पर स्थानांतरण होने पर रुद्रपुर महाविद्यालय के प्राचार्य डा. जीएस बिष्ट को दो फरवरी 2019 में तैनाती दी गई।
एक फरवरी 2018 से नहीं था स्थायी प्राचार्य
पिछले वर्ष पहली फरवरी को एमबीपीजी कॉलेज में गलत ढंग से प्रवेश के मामले में शासन ने कार्रवाई करते हुए तत्कालीन उच्चशिक्षा निदेशक डा. बीसी मेलकानी, एमबीपीजी के तत्कालीन प्राचार्य डा. जगदीश प्रसाद, असिस्टेंट प्रोफेसर डा. एनके लोहनी, देवीधुरा कालेज के प्राचार्य डा. एएस उनियाल को निलंबित कर दिया गया था।