नैनीताल। नगर में फर्जी सीबीआई अफसर बनकर धोखाधड़ी के आरोप में पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक पूर्व पुलिसकर्मी भी है। आरोपियों के पास से सीबीआई अफसर की फर्जी आईडी और अन्य फर्जी दस्तावेज मिले हैं। पुलिस ने दोनों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
मल्लीताल क्षेत्र में दो लोग खुद को सीबीआई अफसर बताकर लोगों को उनके खोए हुए मोबाइल दिलाने, नौकरी दिलाने का झांसा दे रहे थे। इसकी सूचना मल्लीताल पुलिस को लगी तो वह मामले की जांच में जुट गई। शुक्रवार को एसआई दीपक बिष्ट, एसएसआई सत्येंद्र गंगोला और अन्य ने पूर्व पुलिस कर्मी मो. आसिफ (49) निवासी चार्टन लॉज मल्लीताल को उसके आवास से गिरफ्तार कर लिया। उसके साथ मो. उसैद पाशा (21) ग्राम शाहपुर दशर जिला संभल को भी गिरफ्तार कर लिया। कोतवाली में दोनों के सामान की तलाशी में सीबीआई अफसर का फर्जी आईकार्ड, खिलौने वाला वॉकीटॉकी के साथ ही अन्य दस्तावेज भी बरामद हुए। सूचना पर एसएसपी सुनील कुमार मीणा और सीओ विजय थापा कोतवाली पहुंचे और जानकारी ली।
कोतवाल अशोक कुमार सिंह ने बताया कि दोनों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ आईपीसी की धारा 109, 419, 467, 468, 471, 120बी के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। शनिवार को न्यायालय में पेश किया जाएगा।
जिस थाने में मिली थी पहली पोस्टिंग, वहीं हुआ गिरफ्तार
आरोपी दो लोगों में से एक पूर्व पुलिस कर्मी भी हैं। बताया जा रहा है कि 1989 में पुलिस में भर्ती हुए आसिफ की पहली पोस्टिंग मल्लीताल थाने में ही थी। वहीं आरोपी ने वर्ष 2010 में पुलिस से वीआरएस ले लिया था। वर्तमान में वह नगर में निर्माण कार्यों के ठेके लिया करता था। योजना का मुख्य आरोपी पूर्व पुलिस कर्मी मुरादाबाद से दूसरे आरोपी को बुलाकर बड़ी धोखाधड़ी की योजना बना रहा था। इसके लिए उसने सीबीआई की फर्जी आईडी और अन्य दस्तावेज भी तैयार किए थे। वही सूत्रों की माने तो बीते दिन वह किसी बड़े प्रशासनिक अधिकारी से मिलकर उसे भी गुमराह कर चुके थे।
एनएसए अजित डोभाल के जिक्र वाले दस्तावेज भी हुए बरामद
नैनीताल। फर्जी आईकार्ड लेकर सीबीआई अधिकारी बनकर घूम रहे दोनों आरोपियों के पास से एनएसए अजित डोभाल के जिक्र वाले दस्तावेज भी बरामद हुए, जिनकी सत्यता के बारे में पुलिस सीबीआई दफ्तर में संपर्क कर रही है।
पुलिस को आरोपी मो. उसैद पाशा से मिले कार्ड पर एक सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेज एंड कस्टम ए नई दिल्ली, दूसरा सीबीआई ऑफिसर न्यू ईयर, जिसमें रॉ, आईबी और सीबीआई का वर्क प्रोसीजर दिया गया है।
इसमें एनएसए अजित डोभाल का भी बेस्ट इंटेलिजेंस ऑफिसर होना लिखा है। तीसरा प्रमाण पत्र, राष्ट्रीय सीमा शुल्क अप्रत्यक्ष कर एवं नारकोटिक्स अकादमी, भारत सरकार फरीदाबाद का जिक्र है। इसमें सीबीआई के कार्य का हिंदी में विवरण दिया गया है।
रोते हुए आरोपी उसैद पाशा ने बताया कि वह सीबीआई के बारे में कुछ नहीं जानता और उसे रिश्ते के पुलिस वाले मामा ही मुरादाबाद से यहां सीबीआई अधिकारी बनाकर लाए है। उसैद पाशा ने बताया कि उसके दस्तावेज किसी परिचित से बनवाए गए हैं। पुलिस को उनके पास से पांच दस्तावेज मिले हैं।
पुलिस कप्तान सुनील कुमार मीणा ने बताया कि वह दोनों के पास से मिले दस्तावेजों को देहरादून स्थित सीबीआई कार्यालय भिजवा रहे हैं। कहा कि आगे की कार्रवाई सीबीआई से संबंधित दस्तावेजों की स्थिति स्पष्ट होने के बाद की जाएगी।