नंधौर अभ्यारण्य में उत्तराखंड चतुर्थ बर्ड फेस्टिवल के दूसरे दिन देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे सैकड़ों पक्षी प्रेमियों ने परिंदों का दीदार किया। बर्ड वाचरों ने करीब 10 ट्रैकों पर पक्षियों का अवलोकन किया।
बता दें कि शनिवार को करीब 300 से अधिक बर्ड वाचर, पक्षी विशेषज्ञ और प्रकृति प्रेमियों ने नंधौर वैली के मछली वन, जौलासाल, मछली वन प्लस, सुमन थापला, लाखनमंडी आदि ट्रैक पर शनिवार सुबह सात बजे से शाम चार बजे तक गाइडों के साथ पक्षियों का अवलोकन किया।
तितली ट्रस्ट देहरादून के संजय सौधी ने बताया कि नंधौर अभ्यारण्य के विभिन्न ट्रैकों पर बर्ड वॉचरों को प्रवासी और अप्रवासी पक्षी दिखाई दिए। बताया कि जिन पक्षियों का दीदार हुआ उनमें ब्लैक थ्राटेट थ्रैस और ब्लैक क्रस्टेड बुलबुल शामिल हैं।
बताया कि ये पक्षी यूरोप और उच्च हिमालयी क्षेत्रों से यहां आए हैं। जो एक सप्ताह बाद बीड्रिंग के लिए अपने मूल प्रवास के लिए लौट जाएंगी। उन्होेंने बताया कि वुडपीकर, ऐसे बुलबुल, लेजर फिस ईगल आदि प्रजातियां दिखाई दीं।
इस दौरान कलाकारों ने छोलिया नृत्य प्रस्तुत कर कलाकारों की खूब वाहवाही लूटी। महोत्सव में प्रकृति से संबंधित अनेक स्टॉल लगाए गए हैं। इस मौके पर प्रभागीय वनाधिकारी डॉ. चंद्र शेखर सनवाल, एसीसीएफ परमजीत सिंह, प्रकाश आर्य, हरीश चंद्र सिंह बिष्ट, सुनील गैरोला, आनंद बल्लभ पाठक, उमी राम आर्या आदि थे।