हल्द्वानी। रामनगर वन प्रभाग के अंतर्गत फतेहपुर रेंज के आदमखोर बाघ के बारे में जंगलात पता नहीं लगा सका है। ऐसे में वन विभाग ने अभियान में हाथियों और ड्रोन की संख्या बढ़ाने का फैसला किया है। स्निफर डॉग भी मंगाया गया है। मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक डॉ. पराग मधुकर धकाते ने दमुवाढूंगा में घटनास्थल का जायजा लेकर अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्हें निर्देश दिए हैं।
फतेहपुर रेंज में तीन महीने में छह लोग वन्यजीवों के हमले में मारे जा चुके हैं। वन विभाग ने बाघ को आदमखोर घोषित कर मारने के आदेश भी दे दिए हैं। बाघ का पता लगाने के लिए कैमरा ट्रैप और डब्ल्यूआईआई की टीम की मदद ली गई है लेकिन सफलता नहीं मिली है।
मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक डॉ. पराग मधुकर धकाते ने बताया कि ऑपरेशन के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। इसके लिए हाथियों की संख्या बढ़ाई जाएगी। एक और हाथी कार्बेट पार्क से मंगाया गया है, अब चार टीमें खोजबीन में जुटेंगी।
अब ड्रोन की चार टीमें तैनात रहेंगी। पिंजरे के लिए भी अलग-अलग टीमों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
शिकारी के लिए जंगल में बन रहा मचान
हल्द्वानी। वन विभाग आदमखोर बाघ को ढेर करने के लिए दमुवाढूंगा जंगल में मचान बना रहा है। आरओ केआर आर्या के अनुसार इस मचान पर छह लोग बैठ सकेंगे। शिकारी सोमवार को घटनास्थल आदि का निरीक्षण करेंगे। लोगों से जंगल में न जाने की अपील की गई है।