नैनीताल। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली और उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के सह कार्यपालक अध्यक्ष हाईकोर्ट के वरिष्ठ न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी के आदेश पर प्रदेश के सभी 13 जिलों में राष्ट्रीय लोक अदालत लगी।
राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल के सदस्य सचिव प्रदीप मणि त्रिपाठी ने बताया कि शनिवार को हाईकोर्ट में राष्ट्रीय लोक अदालत के लिए दो खंडपीठ गठित की गई थी जिसमें न्यायमूर्ति आशीष नैथानी एवं न्यायमूर्ति आलोक महरा की खंडपीठ में कुल 15 वादों का निस्तारण किया।
बताया कि अल्मोड़ा जिला न्यायालय में 82 में से 82 वादों का निस्तारण कर 11,41,050 रुपया समझौता धनराशि वसूली गई। बागेश्वर में 70 वादों का निस्तारण कर 61,74,782 रुपये समझौता राशि, चमोली में 73 वाद का निस्तारण कर 16,64,518 रुपये, चंपावत में 144 वादों का निस्तारण कर 76,62,522 रुपये समझौता राशि वसूल की गई।
इनके अलावा देहरादून में 12675 वादों का निस्तारण कर 14,58,76,878 रुपये, हरिद्वार में 6604 वादों का निस्तारण कर 3,49,39,391 रुपये, नैनीताल में 1942 वादों का निस्तारण कर 3,38,73,046 रुपये, पौड़ी गढ़वाल में 805 वादों का निस्तारण कर 1,49,04,323 रुपये, पिथौरागढ़ में 298 वादों का निस्तारण कर 1,83,27,495 रुपये समझौता राशि वसूल की गई।
बताया कि रुद्रप्रयाग में 59 वादों का निस्तारण कर 21,35,701 रुपये, टिहरी गढ़वाल में 350 वादों का निस्तारण कर 1,42,63,356 रुपये, यूएस नगर में 4717 वादों का निस्तारण कर 11,05,48,669 रुपये और उत्तरकाशी जिला न्यायालय में 90 वादों का निस्तारण कर 1,30,81,201 रुपये समझौता राशि वसूल की गई।
इसी तरह प्री लिटिगेशन के 5566 वाद का निस्तारण कर 20,37,76,443 रुपये वसूले गए जबकि उपभोक्ता न्यायालय में 26 वादों का निस्तारण कर 92,42,324 रुपये वसूल किए गए।