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ऐसे तो आने से रहे कालाढूंगी की जनता के ‘अच्छे दिन’

Wed, 10 Jun 2015 01:40 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हल्द्वानी
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भाजपा और कांग्रेस नेताओं की अंदरूनी खींचतान की राजनीति से कालाढूंगी विधानसभा क्षेत्र विकास की दौड़ में पिछड़ गया है। विधानसभा का अधिकांश क्षेत्र हल्द्वानी देहात में शामिल होने के बावजूद सड़कों की हालत जर्जर है। विधायक बंशीधर भगत ने इसका ठीकरा कांग्रेस नेता प्रकाश जोशी और आपदा प्रबंधन अध्यक्ष प्रयाग भट्ट के सिर फोड़ा है। भगत ने सीधे आरोप लगाया है कि कांग्रेस नेता विकास कार्यों में रोड़ा बन गए हैं। कांग्रेस सरकार का फायदा उठाकर दोनों नेताओं ने विधानसभा में 10 करोड़ की लागत से बनने वाली सड़कों की स्वीकृति लटका दी है।
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कालाढूंगी विधानसभा 2012 में अस्तित्व में आई। भाजपा के वरिष्ठ नेता बंशीधर भगत कालाढूंगी के पहले विधायक निर्वाचित हुए। विधानसभा की आबादी का बड़ा हिस्सा हल्द्वानी देहात से जुड़ा है। हल्द्वानी देहात और विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्य ठप पड़े हैं। सड़कों की सबसे बुरी हालत है। पेयजल और बिजली के लिए भी जनता जूझ रही है। लो-वोल्टेज से लोग परेशान हैं। चिकित्सा और शिक्षा की स्थिति भी दयनीय है।

विधायक ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस नेता क्षेत्रीय विकास में रुकावट बन गए हैं। विधायक के मुताबिक मुख्यमंत्री हरीश रावत के कालाढूंगी दौरे पर उनके प्रयासों से विधानसभा क्षेत्र में 10 करोड़ लागत की सड़कों की सैद्धांतिक स्वीकृति हुई थी। टीएसी की स्वीकृति के बाद फाइलें मुख्यमंत्री हरीश रावत के कार्यालय पहुंची। वहां आपदा प्रबंधन अध्यक्ष प्रयाग भट्ट और कांग्रेस नेता प्रकाश जोशी ने पेच लगाकर फाइलों में रोक लगवा दी। फाइलें चार महीनों से लंबित पड़ी हैं।
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सरकार हमारी, भगत कहां से बनाएंगे सड़कें : भट्ट
आपदा प्रबंधन अध्यक्ष प्रयाग भट्ट ने पलटवार करते हुए कहा कि प्रदेश में सरकार कांग्रेस की है तो विधायक भगत कहां से सड़कें बनवाएंगे। भट्ट ने कहा कि भगत विधायक निधि का इस्तेमाल चहेतों के निजी भवन और उनके घरों के सीसी मार्ग बनवाने में खर्च कर रहे हैं, जबकि उनके प्रयासों से अलग-अलग क्षेत्रों में कुल 35 किलोमीटर की आंतरिक सड़कों के डामरीकरण होना है। शासन स्तर पर फाइलें चल रही हैं। कांग्रेस नेता प्रकाश जोशी से भी बातचीत करने का प्रयास किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।
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