फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Nainital News: अनुदेशकों की कमी तकनीकी ज्ञान में युवाओं को धकेल रही पीछे

विज्ञापन
विज्ञापन
हल्द्वानी। पहाड़ के युवाओं के लिए तकनीकी ज्ञान प्राप्त करने का सबसे बड़ा माध्यम राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान हैं। यहीं से अधिकतर युवा कौशल विकास में दक्ष होते हैं और रोजगार के अवसर मिलते हैं। खासकर मध्यम वर्गीय परिवारों के युवाओं के लिए आईटीआई से प्रशिक्षण प्राप्त कर रोजगार पाना सबसे बड़ा सहारा है।
विज्ञापन


प्रदेश सरकार एक ओर युवाओं को तकनीकी रूप से सक्षम बनानी चाहती है। वहीं इन आईटीआई में अनुदेशकों की कमी भावी पीढ़ी को तकनीकी ज्ञान में पीछे धकेलने का काम कर रही है। वर्तमान में राज्य में करीब 95 आईटीआई हैं जिनमें विभिन्न ट्रेड संचालित हो रहे हैं, लेकिन इन ट्रेडों को पढ़ाने के लिए अनुदेशक नहीं है। सेवायोजन एवं प्रशिक्षण निदेशालय के अनुसार राज्य में संचालित राजकीय औद्योगिकी प्रशिक्षण संस्थानों के लिए अनुदेशक के करीब 1366 पद स्वीकृत हैं। इसके सापेक्ष मात्र 369 पदों पर ही ये कार्यरत हैं। इनमें दुर्गम क्षेत्रों के संस्थानों का बुरा हाल है। इस कारण कई संस्थान बंद भी हो चुके हैं।

कुछ समय पूर्व आईटीआई संस्थानों के लिए सीधी भर्ती के माध्यम से 370 नए इंस्ट्रक्टर का चयन हुआ, लेकिन यह मामला भी कोर्ट में चला गया है। इसके बाद से नए अनुदेशकों को भी तैनाती नहीं मिल पाई है। विगत दिनों सीधी भर्ती के तहत चयनित हुए अनुदेशकों ने प्रशिक्षण निदेशालय में आकर उन्हें नियुक्ति देने की मांग की। मगर मामला कोर्ट में होने के कारण फिलहाल नियुक्ति प्रक्रिया लंबित हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


राज्य में संचालित राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों के लिए नए अनुदेशकों की तैनाती की प्रक्रिया चल रही है। - आरएस मर्तोलिया, उपनिदेशक प्रशिक्षण
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें