शहर की पेयजल व्यवस्था को पटरी पर लाना जल संस्थान के लिए आसान नहीं है। पूरे शहर में पेयजल का गंभीर संकट है। इन दिनों शहर के तमाम इलाकों में पानी के लिए मारामारी मची है। हमने पीलीकोठी क्षेत्र की पेयजल व्यवस्था व्यवस्था का जायजा लिया। जिसमें पाया गया कि इस क्षेत्र में सड़क के दोनों ओर करीब 50 कालोनियां है।
प्रत्येक कालोनी में कम से कम 50 परिवार रहते हैं। प्रति परिवार चार सदस्य भी जोड़े जाएं तो इस हिसाब से इस इलाके में करीब 10 हजार लोग रहते हैं। इस पांच इंच की मुख्य पाइप लाइन से सभी कालोनियों के लिए आधा इंच की लाइन बिछाई गई है। इतनी बड़ी आबादी के लिए पांच इंच की लाइन से पेयजल व्यवस्था सुचारु कराना संभव नहीं है। जिस वजह से सभी कालोनियों में पानी का गंभीर संकट बना है। कहीं पानी की बूंद नहीं मिल रही है तो कहीं तीसरे और चौथे दिन मात्र 20 से 25 मिनट तक पानी की सप्लाई होती है।
जल संस्थान के अधिकारी भी इलाके के लिए छोटी पड़ चुकी पेयजल लाइन को पेयजल किल्लत की प्रमुख वजह मानते हैं। उनका कहना है कि पीलीकोठी की यह सभी कालोनियां पॉश कालोनियों में मानी जाती हैं। अवर अभियंता पीके पांडे कहते हैं कि इलाके में लाइन का विस्तारीकरण करना जरूरी हो गया है।