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प्रदेश में उच्चशिक्षा की स्थिति आईसीयू जैसी

Sun, 16 Apr 2017 12:09 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, हल्द्वानी।
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गुणवत्ता युक्त उच्च शिक्षा देने को कटिबद्ध हैं इग्नू: अश्वनी - फोटो : पीलीभ्‍ाीत/उत्‍ततर प्रदेश्‍ा
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हल्द्वानी। प्रदेश के उच्चशिक्षा डा. धन सिंह रावत ने कहा कि राज्य में उच्चशिक्षा की मौजूदा हालत आईसीयू पर जैसी है। शनिवार को सर्किट हाउस में मीडिया से मुखातिब उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने उच्चशिक्षा की बेहतरी के लिए कोई ठोस कार्य नहीं किए। इसकी वजह से वर्तमान में उच्चशिक्षा पटरी पर नहीं है। उन्होंने कहा कि उच्चशिक्षा की अनदेखी का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि प्रदेश के 47 डिग्री कालेज प्राचार्य विहीन हैं तथा 20 से अधिक महाविद्यालयों के पास अपना भवन ही नहीं है।  
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महाविद्यालयों में वंदेमातरम कराए जाने के मुद्दे पर कांग्रेस द्वारा उठाए गए सवाल पर कहा कि वंदेमातरम हमारी आजादी का उद्घोष रहा है। साथ ही यह राष्ट्रीय गीत है। क्या किसी राष्ट्रीय गीत को महाविद्यालय में कराया जाना अपराध है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा है कि महाविद्यालयों में राष्ट्रगान के साथ -साथ राष्ट्रीय गीत भी हो।

वंदेमातरम राष्ट्रीय गीत के माध्यम से महाविद्यालयों के छात्रों में देश प्रेम के प्रति जज्बा पैदा करना है। अगर किसी कालेज में पाक जिंदाबाद के नारे लगने की शिकायत मिली तो संबंधित कालेज के प्राचार्य के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य के महाविद्यालयों में पठन - पाठन से लेकर छात्रसंघ चुनाव समय पर हों, इस पर सरकार पूरा ध्यान देगी। 
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डा. सिंह ने कहा कि सहकारिता चुनाव लोकतांत्रिक प्रक्रिया से ही होंगे। उनका कुमाऊं दौरे पर आना एक संयोग है। कांग्रेस के चाहें हरीश रावत हों या फिर किशोर उपाध्याय अभी तक विधानसभा चुनाव में पार्टी की करारी हार के सदमे से उबर नहीं पाएं हैं। इसी वजह से ये नेता भाजपा पर सहकारिता चुनाव को प्रभावित करने का आरोप लगा रहे हैं।  
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