टनकपुर (चंपावत)। उत्तर भारत का विख्यात पूर्णागिरि मेला शुरू हो गया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने धाम के प्रवेश द्वार ठुलीगाड़ पर बृहस्पतिवार को पूजा-अर्चना और फीता काटकर मेले का शुभारंभ किया। उन्होंने पूर्णागिरि में हेलीपैड का तोहफा देने के साथ ही कई विकास योजनाओं की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि हेली सेवा से जुड़ने से पूर्णागिरि धाम धार्मिक पर्यटन के मानचित्र में तेजी से उभरेगा। सीएम ने कहा कि मां पूर्णागिरि धाम में ऐसी सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी, जिससे यह मेला तीन महीने नहीं बल्कि वर्षभर संचालित हो सके। इसके लिए कार्ययोजना तैयार की जा रही है। मुख्यमंत्री ने मेला समिति को मेला अनुदान देने की घोषणा भी की।
सीएम ने कहा कि मां पूर्णागिरि के आशीर्वाद से वह राज्य के विकास के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। पीएम मोदी के नेतृत्व में आज पूरी दुनिया सनातन संस्कृति के न सिर्फ दर्शन कर रही है, बल्कि उसे अपना भी रही है। भारत के अंदर जाग्रत हुई सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की भावना को पूरा विश्व अंगीकार कर रहा है। हमारा धर्म स्व अर्थात स्वयं की नहीं बल्कि सर्व अर्थात सभी की बात करता है। यहीं वजह है कि हजारों वर्ष बाद भी आज विश्व हमारी आस्था और मान्यताओं के आगे नतमस्तक है।
कार्यक्रम जिला पंचायत अध्यक्ष ज्योति राय की अध्यक्षता और मंदिर समिति के पूर्व अध्यक्ष पं. भुवन चंद्र पांडेय की मौजूदगी में हुआ। सांसद अजय टम्टा ने भी अपने विचार रखे। पहले दिन पचास हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में मत्था टेका। मेला नौ जून तक 90 दिन चलेगा।
सीएम ने ये घोषणाएं भी कीं
- चंपावत को आदि कैलाश, ओम पर्वत की यात्रा का वापसी मार्ग बनाया जाएगा।
- खाटू श्याम भक्तों के लिए टनकपुर से राजस्थान तक बस सेवा शुरू होगी।
-पूर्णागिरि को इको टूरिज्म हब बनाया जाएगा।
- ककरालीगेट से मुख्य मंदिर तक मार्ग में स्थायी पथ प्रकाश की व्यवस्था होगी।
-टनकपुर-पिथौरागढ़ राजमार्ग पर रात में यातायात खोला जाएगा।
- बरसात में यातायात के अवरोध पैदा करने वाले बाटनागाड़ नाले में पुल का निर्माण किया जाएगा।
-शारदा घाट में कर्मशाला का निर्माण होगा।
-बनबसा में शारदा तट पर मुक्तिधाम का निर्माण होगा।
-राप्रावि भजनपुर में एक फ्लोर और चार अतिरिक्त कक्ष बनाया जाएगा।
-चंपावत में साइंस सेंटर का निर्माण होगा।
ये भी बोले सीएम
- हमें अपने धर्म मार्ग से कभी विचलित नहीं होना चाहिए। संस्कृति को जीवंत रखने के लिए उत्तराखंड के प्राचीन मंदिरों का पुनर्निर्माण कराया जा रहा है।
-हमारा प्रयास है कि उत्तराखंड के पौराणिक व धार्मिक स्थलों को विश्व स्तर पर पहचान दिलाने के साथ-साथ विकास के ऐसे नए-नए आयाम स्थापित करें जिससे उत्तराखंड का नाम पूरे देश दुनिया में गूंजे।
- हम विकल्प रहित संकल्प के साथ उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने की दिशा में प्रयासरत हैं। चंपावत को भी आदर्श चंपावत बनाने के प्रयास जारी हैं।
मां पूर्णागिरि धाम के सरकारी मेले का श्रीगणेश करते मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। संवाद
मां पूर्णागिरि धाम के सरकारी मेले का श्रीगणेश करते मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। संवाद