हल्द्वानी। कालाढूंगी के विधायक बंशीधर भगत के बेटे विकास भगत को पांच भाइयों ने सरकारी जमीन बेच दी। विक्रेताओं ने सरकारी जमीन को अपने खेत के रकबे में शामिल किया था। जमीन की खरीद- फरोख्त 14 साल पहले हुई थी। आठ साल पहले मामला तब चर्चा में आया जब भगत ने इस जमीन को किसी और को बेच दिया था। पुलिस ने जांच-पड़ताल के बाद अब इस मामले में पांचों भाइयों के खिलाफ धोखाधड़ी की प्राथमिकी दर्ज की है।
विकास भगत ने 19 जुलाई 2025 को मुखानी थाने में दी तहरीर में कहा कि उन्होंने 30 मार्च 2012 को नवीन चंद्र, खीमानंद, मोहन चंद्र, कैलाश चंद्र व उमेश चंद्र पुत्रगण नारायण दत्त निवासी ग्राम नंदपुर कठघरिया से 6691.19 वर्ग फुट जमीन खरीदी थी। वर्ष 2019 में भगत ने यह जमीन किसी और को बेच दी।
इसके कुछ समय बाद इस बात का खुलासा हुआ कि भगत की ओर से तीसरी पार्टी को बेची गई जमीन पर सड़क और गूल की भूमि भी शामिल है। मामला प्रशासन तक पहुंचा तो 17 मार्च 2020 को एडीएम ने एसडीएम हल्द्वानी को मामले की जांच कर रिपोर्ट तलब की।
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
गूल तोड़कर अपनी जमीन में मिलाई
जांच में पता चला कि कैलाश और खीमानंद पांडे ने गूल को जबरन क्षतिग्रस्त कर अपनी जमीन के रकबे में मिला लिया था और अपनी भूमिधरी जमीन के साथ गूल की भूमि भी बेच दी थी। तब उच्चाधिकारियों के निर्देश पर सिंचाई विभाग और प्रशासन ने इस जमीन को कब्जे में ले लिया। जमीन कब्जे में लेने के बाद क्रेता और विक्रेता के बीच इस भूमि के एवज में अन्यत्र भूमि देने पर सहमति बनी लेकिन कई साल बीतने के बाद भी पांच भाइयों ने भगत को अन्यत्र भूमि उपलब्ध नहीं कराई।
पुलिस को मामले में तहरीर मिली थी। जांच के बाद धोखाधड़ी की बात सामने आने पर प्राथमिकी दर्ज की गई है।-अमित कुमार सैनी, सीओ सिटी