गौला गेट में मजदूरों के साथ दबंगई दिखाने वाले खनन कारोबारियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग को लेकर शुक्रवार को मजदूरों ने कार्य बहिष्कार किया, जिसके चलते नदी में खनन कार्य पूरी तरह बंद रहा। मामला बिगड़ने पर दोपहर बाद रेता बजरी कारोबारियों के दबाव में आखिरकार मजदूरों को समझौता कर पड़ा। इधर, अन्य रेता बजरी कारोबारियों का कहना है कि दबंगई दिखाकर गेट बंद कराने का खामियाजा अन्य लोगों को भुगतना पड़ता है।
गुरुवार को गौला में स्थानीय दबंगों ने मजदूरों को डरा-धमका कर रात में अवैध रूप से उप खनिज लदान करने का दबाव बनाया था। मना करने पर रेता बजरी कारोबारियों ने मजदूरों के साथ मारपीट की थी, जिससे गुस्साए मजदूरों ने गुरुवार देर रात तक पुलिस स्टेशन में हंगामा काटा था। दबंगों की गिरफ्तारी की मांग बढ़ती देख पुलिस ने रात भर दबिश दी, लेकिन सफलता नहीं मिली। शुक्रवार को पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया। बाद में बाहरी क्षेत्रों से आए मजदूरों को समझौते के लिए मजबूर होना पड़ा। बहरहाल मामला शांत हो गया, लेकिन गौला उपखनिज गेट से निकासी बंद रही। जिसका खामियाजा सभी वाहन संचालकों को भुगतना पड़ा। वहीं वन निगम को लाखों रुपए राजस्व की हानि हुई।