भीमताल में पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी का स्वागत करते भाजपाई। संवाद
हल्द्वानी। पूर्व राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने अपनी आगे की राजनीतिक पारी को लेकर दो टूक जबाव दिया है। उन्होंने इशारों-इशारों में कहा कि अपनी इच्छा से राज्यपाल का पद छोड़ा है।
मंगलवार को हल्द्वानी पहुंचे कोश्यारी ने नहर कवरिंग रोड स्थित एक बैंक्वट हॉल में कहा कि लोग मुझसे पूछते हैं कि मेरी आगे की रणनीति क्या है? कहा कि रणनीति उसकी होती है जो रण में होता है। मैं तो सारा रण छोड़कर आया हूं। कहा कि मैंने स्वयं पीएम मोदी से आग्रह किया था कि अब मेरी उम्र हो गयी है, अब मैं अपने लोगों के बीच में जाना चाहता हूं। कहा कि मैंने राजनीति में किसी भी पद के लिए साल 2019 में ही मना कर दिया था। जब महाराष्ट्र के राज्यपाल पद के लिए मुझसे कहा गया तो स्थानीय लोगों ने ही मुझसे कहा कि ये राज्य के लिए गौरव की बात है। इसलिए मैंने यह पद स्वीकार किया था।
मुझको न-न करने पर भी सब मिला
हल्द्वानी। नगर में भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कि लोगों को राजनीति में हां-हां, मुझे दो कहने पर भी नहीं मिलता लेकिन मुझको न-न करने पर भी सब मिल गया। इस दौरान विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट, रेनू अधिकारी, नीरज बिष्ट, अनिल डब्बू, राहुल झिंगरन, मोहन पाठक आदि थे।