फुटकर में पालीथिन बेचने और ग्राहकों को पालीथिन में सामान देने पर हल्द्वानी प्रशासन ने सात दुकानदारों पर करीब एक करोड़ 74 लाख रुपए का जुर्माना ठोका है। जुर्माने की यह कार्रवाई हाईकोर्ट के पालीथिन प्रतिबंधित संबंधी आदेश को प्रभावी ढंग से लागू किए जाने के लिए की गई है। प्रशासन ने दुकानों से बरामद प्रति पालीथिन पर पांच सौ रुपए का जुर्माना लगाया है। पालीथिन की बरामदगी पर प्रदेश में अब तक यह सबसे बड़ी जुर्माने की कार्रवाई है।
हाईकोर्ट ने 15 जुलाई 2014 से नैनीताल जिले में पालीथिन पूरी तरह प्रतिबंधित की है। जिला प्रशासन को प्रत्येक नगर निकाय में टीमें गठित कर बाजारों में छापामारी कर पालीथिन जब्त कर प्रति पालीथिन पांच सौ रुपए जुर्माना वसूली के आदेश दिए थे। कोर्ट के आदेश पर प्रशासन ने शुरुआत में ईजी-डे और विशाल मेगा मार्ट में छापामारी कर प्रति पालीथिन पांच सौ रुपए के हिसाब से लाखों रुपए का जुर्माना लगाया। व्यापारियों के विरोध के चलते जुर्माने की वसूली नहीं हो सकी। व्यापारियों ने तर्क दिया कि सुप्रीम कोर्ट ने 40 माइक्रोन से नीचे की पालीथिन प्रतिबंधित की है। लिहाजा 40 माइक्रोन से अधिक की पालीथिन प्रतिबंधित नहीं है। इससे प्रशासन की कार्रवाई धीमी पड़ गई।
इसके बाद हाईकोर्ट ने प्रशासन की सुस्ती पर कड़ी फटकार लगाई। अफसरों को यहां तक चेतावनी दे दी कि जिस इलाके में पालीथिन नजर आएगी वहां का अधिकारी इसके लिए जिम्मेदार होगा। गुरुवार को ही कोर्ट ने प्रति पालीथिन पांच सौ रुपए वसूलने के आदेश दिए। इस पर प्रशासन ने हल्द्वानी में गुलाटी और चटवाल चिकन समेत सात दुकानों में छापामारी कर पालीथिन जब्त की। एसडीएम पंकज उपाध्याय की मौजूदगी में शुक्रवार को नगर निगम दफ्तर में पालीथिन की गिनती कर पांच सौ रुपए प्रति पालीथिन के हिसाब से जुर्माना ठोक दिया।
कर अधीक्षक बृजेंद्र चौहान के मुताबिक मंगल पड़ाव स्थित शाहनवाज की दुकान से 32 किलो और समी प्लास्टिक की दुकान से छह किलो पालीथिन बरामद हुई थी। शाहनवाज पर एक करोड़ 60 लाख और समी प्लास्टिक पर 12 लाख का जुर्माना लगाया है। शफीक अहमद की दुकान से 10 किलो पालीथिन पर दो लाख 75 हजार का जुर्माना लगा है। गुलाटी चिकन पर 94500 रुपए और चटवाल चिकन पर 6500 रुपए, शेखर जोशी पर 12500 रुपए का जुर्माना लगा है। एसडीएम के मुताबिक सभी आरोपियों को नोटिस जारी हो गए हैं। जुर्माना जमा नहीं करने पर आरसी काटकर वसूली के लिए मामला कोर्ट भेज दिया जाएगा। इसके बाद दुकान सील करने की कार्रवाई होगी।
जुर्माने के बाद मची खलबली
थोक एवं बड़े व्यापारियों की दुकानों में छापामारी और जुर्माने के बाद शहर में बाकी व्यापारियों में खलबली मची है। प्रशासन की कार्रवाई के बाद दुकानों से पालीथिन गायब हो गई हैं।
सोमवार से होगी मुनादी
एसडीएम पंकज उपाध्याय के मुताबिक पालीथिन बंद कराने के लिए प्रशासन सोमवार से बाजार में मुनादी कराएगा। इसके बाद ताबड़तोड़ छापामारी की जाएगी। जुर्माने के साथ मुकदमा भी दर्ज कराया जाएगा।
पालीथिन बनाने वालों पर क्यों नहीं होती कार्रवाई
नैनीताल जिले में पालीथिन कई जगहों पर तैयार होती है। प्रशासन पालीथिन बनाने वाले कारखानों को सील करे तो बाजार से पालीथिन गायब हो जाएगी।
क्या है कोर्ट का आदेश
नैनीताल जिले में सभी तरह का पालीथिन बैग प्रतिबंधित होगा। किसी भी तरह की पालीथिन पकड़ी जाने पर प्रति पालीथिन पांच सौ रुपए के हिसाब से रुपए जुर्माना वसूला जाए। आदेश 15 जुलाई 2014 का है।