रामनगर (नैनीताल)। इस साल फरवरी माह वन्यजीवों की जान पर भारी पड़ा। इस महीने में अब तक छह वन्यजीवों की मौत हुई है। आपसी संघर्ष, सड़क हादसे के अलावा इलाज के दौरान तेंदुए से लेकर हाथी ने जान गंवाइ है।
11 फरवरी को मरचूला के झड़ गांव में एक बाघिन मृत अवस्था में मिली। 15 फरवरी को रामनगर वन प्रभाग के कोसी रेंज के अंतर्गत चांदनी बीट में वनकर्मियों को एक मादा बाघ का शावक मृत अवस्था में मिला। 18 फरवरी को लंबे समय से बीमार चल रहे पालतू हाथी मोती की मौत हो गई। इस हाथी को बचाने के लिए सेना की भी मदद ली गई थी। 21 फरवरी को तराई पश्चिमी वन प्रभाग के रामनगर रेंज के आमपत्ता-सक्खनपुर मार्ग पर अज्ञात वाहन ने मादा तेंदुआ को टक्कर मार दी थी जिसमें उसकी मौत हो गई।
26 फरवरी को तराई पश्चिमी वन प्रभाग के फाटो जोन में घूम रहे घायल बाघ को पशु चिकित्सकों की टीम ने ट्रैंक्यूलाइज किया। ट्रैंक्यूलाइज करने के बाद बाघ होश में आया और कुछ देर में उसकी मौत हो गई। बाघ आपसी संघर्ष में घायल हुआ था। 27 फरवरी को कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के ढेला रेंज की हल्दूखेड़ा पूर्वी बीट पर गश्त के दौरान एक तेंदुआ मृत अवस्था में मिला था।