कुल्यालपुरा में शुक्रवार की रात जिस जगह मारपीट हुई, वहां पिछले साल भी चुनाव के दौरान जमकर बवाल हुआ था। पुलिस की प्राथमिक जांच से पता चला कि पुरानी रंजिश के चलते ही दो गुटों के बीच मामूली विवाद बड़ा रूप इख्तियार कर रहा था, लेकिन पुलिस के पहुंचने के कारण खूनी संघर्ष होने से टल गया ।
कुल्यालपुरा में एमबीपीजी कालेज के दो छात्रनेताओं ने अपना कार्यालय खोल रखा है। इसी के बगल में जीओ की फ्रेंचाइजी है। छानबीन से पता चला कि ऋषभ की कालेज में छात्रसंघ चुनाव को लेकर पुरानी रंजिश थी।
मौका मिलने पर विरोधी पक्ष ने ऋषभ को पकड़कर पीट दिया। इसके बाद दोनों तरफ से कहासुनी के बाद पथराव होने लगा। दहतशजदा लोग छतों पर चढ़ गए। पुलिस ने घटना की वीडियो रिकार्डिंग भी की। साथ ही भीड़ को तितर-बितर किया और छतों पर खड़े लोगों को हटाया।
बताया जा रहा है कि पिछले साल भी छात्रसंघ चुनाव को लेकर दो गुटों के बीच कुलयालपुरा में ही मारपीट हुई थी। पुलिस का भी मानना है कि चुनाव के दौरान यह क्षेत्र राजनीति का अखाड़ा बन जाता है।
भोटिया पड़ाव चौकी प्रभारी दिनेश नाथ महंत ने बताया कि यदि पुलिस तत्काल कार्रवाई नहीं करती तो मारपीट बड़ा रूप ले सकती थी, क्योंकि दोनों पक्षों की भीड़ काफी थी। किसी प्रकार भीड़ को नियंत्रित किया गया। बाद में कोतवाली से काफी फोर्स आने पर विवाद को शांत कर दिया गया।