फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बरेली का हिस्ट्रीशीटर उत्तराखंड का इज्जतदार प्रॉपर्टी डीलर

Tue, 20 Jan 2015 01:54 AM IST
ओमप्रकाश सती/अमर उजाला, हल्द्वानी
विज्ञापन
विज्ञापन
दिल्ली में हथियारों के जखीरे के साथ पकड़ा गया बदमाश फईम भवाली, हल्द्वानी और रुद्रपुर में प्रापर्टी डीलिंग करने में लगा था। पिछले दो साल में उसने कई प्रापर्टियों की डील की थी। वह पिछले साल लोकसभा चुनाव में नैनीताल सीट से सांसद का चुनाव लड़कर खुद को उत्तराखंड में प्रतिष्ठित करने की फिराक में था। लेकिन पर्चा भरने से पहले ही पुलिस ने उसे संदिग्ध रूप से रहने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया था।
विज्ञापन


मूलरूप से थाना मीरगंज (बरेली) के गांव हल्दी खुर्द निवासी फईम के बारे में ये सनसनीखेज जानकारियां मिलने के बाद पुलिस ने उसके काम, उससे जुड़े लोगों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस  के अनुसार फईम पर हत्या, लूट, रेप का प्रयास, हत्या का प्रयास, एनडीपीएस और आर्म्स एक्ट के बरेली के बारादरी, कोतवाली और किला थाने में 23 मुकदमों के अलावा उत्तराखंड में एक आपराधिक मामला दर्ज है। वह करीब एक साल तक भवाली में रहा था। इसी दौरान उसने यहां प्रापर्टी का अच्छा खासा कारोबार जमा लिया था।

नैनीताल, भवाली, हल्द्वानी और रुद्रपुर में उसने कई बड़े सौदे किए थे। पिछले करीब दो साल से वह इन इलाकों में सक्रिय था। इस दौरान उसने नैनीताल, हल्द्वानी और रुद्रपुर में कई बड़े नेताओं, व्यवसायियों, बिल्डरों और प्रापर्टी डीलरों से अच्छे संपर्क बना लिए थे। जिसके माध्यम से उसने यहां अपना व्यवसाय और राजनीतिक पैठ बढ़ानी शुरू कर दी थी। 2014 में हुए लोकसभा चुनाव में वह नैनीताल सीट से चुनाव लड़ने की तैयारी कर चुका था।
विज्ञापन


पुलिस ने उसे तब गिरफ्तार कर लिया था जब वह नामांकन दाखिल करने रुद्रपुर जा रहा था। उसे सीआरपीसी 109 (पहचान छिपाकर संदिग्ध हालात में रहना) के तहत एसडीएम कोर्ट में पेश किया गया था। जहां से जमानत मिलने के बाद वह भवाली से चला गया। इस दौरान वह रुद्रपुर, बरेली और हल्द्वानी में सक्रिय रहा। सितारगंज में हुए प्रताप बिष्ट हत्याकांड में भी पहले एक प्रापर्टी के विवाद के चलते फईम के शामिल होने का शक पुलिस को हुआ था। लेकिन बाद में उसका हाथ न होने की बात सामने आई। उस दौरान इसकी लोकेशन जरूर रुद्रपुर के आसपास मिली थी। सूत्र बताते हैं कि एक पार्टी के सुप्रीमो की दिल्ली में स्थित कोठी के कर्ताधर्ता से फईम का गहरा संपर्क है। यूपी में पुलिस का दबाव पड़ने के बाद वह कई साल पहले भागकर उत्तराखंड आ गया था।

बाहरी लोग कर रहे धंधे
फईम की तरह यहां न जाने कितने बाहरी अपराधी और संदिग्ध लोग प्रापर्टी और कंस्ट्रक्शन के धंधे में लगे हैं। उन्होंने यहां काफी बड़ा जाल फैला लिया है। बरेली, बडेड़ी, रामपुर, मेरठ सहित कई जगह से आए संदिग्ध लोग यहां ऐसे ही धंधों में लगकर इज्जतदार व्यवसायी बने बैठे हैं। भवाली में यूपी का एक सजायाफ्ता बदमाश बड़ा होटल बना रहा है। यहां बाहरी लोगों के लिए प्रॉपर्टी खरीद को लेकर कोई ठोस नीति न होने का ये लोग फायदा उठाते हैं, ऐसे लोगों को रोकने के लिए ही बार बार यहां भूमि खरीद संबंधी ठोस नीति बनाने की मांग की जा रही है।

पकड़ा गया आरोपी शातिर बदमाश है। वह करीब एक साल तक भवाली में रहा। उसके बाद वह कहां-कहां गया इसकी जांच की जा रही है। उसके यहां के किन लोगों से संबंध हैं, वह यहां किस-किस धंधे में लगा था इसकी भी तफ्तीश कर रहे हैं। इसके अलावा प्रापर्टी के धंधों में लगे बाहरी लोगों को भी सत्यापन किया जा रहा है।  
विज्ञापन

-जीएस मर्तोलिया, डीआईजी कुमाऊं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें