सीपीयू से बचकर भाग रहे युवकों को संदिग्ध समझकर व्यापारियों ने घेर लिया। दोनों पक्षों के बीच काफी देर तक गहमागहमी हुई। पुलिस और संभ्रांत लोगों ने दोनों पक्षों को समझाकर किसी तरह मामला शांत कराया।
सीपीयू मंगलवार रात नैनीताल रोड पर वाहनों की चेकिंग कर रही थी। सीपीयू से बचने के लिए बगैर हेलमेट लगाए युवक पटेल चौक पर मोटरसाइकिल छोड़कर भागने लगे।
दुकानदारों ने समझा कि बाइक सवार संदिग्ध हैं। कुछ देर बाद युवक बाइक लेने के लिए आए तो पटेल चौक के व्यापारियों ने उनको घेर लिया और पुलिस को फोन पर इसकी सूचना दी।
युवकों ने खुद को एक नेता के परिवार का बताते हुए देख लेने की धमकी दी और फोन कर लाइन नंबर 17 से लोगों को बुला लिया। दोनों पक्षों में बहस होने लगी और हंगामा खड़ा हो गया।
सूचना मिलने पर मंगलपड़ाव चौकी प्रभारी नीरज भाकुनी, उपनिरीक्षक मनवर सिंह मौके पर पहुंचे। पुलिस और संभ्रांत लोगों ने बीचबचाव कर मामला शांत करा दिया।
पुलिस इसके बाद दोनों पक्षों को चौकी ले गयी। व्यापारियों की तरफ से पार्षद महेंद्र नागर, आशुतोष कुमार, जितेंद्र जायसवाल, बिट्टू बर्मा, सहित काफी लोग मंगल पड़ाव चौकी पहुंचे।
वहीं दूसरी तरफ से सपा नेता जावेद सिद्दीकी, अरशद अय्यूब सहित कई लोग मौजूद थे। चौकी में दोनों पक्षों ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए शांति कायम करने का वादा किया। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई नहीं करने का आश्वासन दिया।