हल्द्वानी। गर्जिया मंदिर के बाहर एक मुस्लिम लड़के को भीड़ से बचाने वाले सब इंस्पेक्टर गगनदीप के सुर्खियों में आने के बाद अचानक छुट्टी पर चले जाने से तरह-तरह की चर्चाएं हैं। हालांकि एसएसपी जन्मेजय खंडूरी का कहना है कि उसे परेशान न किया जाए। पुलिस ने अपनी सही ड्यूटी का पालन किया है। पुलिस हर रोज ऐसा करती है और यह क्रम जारी रहेगा।
एसएसपी जन्मेजय खंडूरी ने कहा कि पुलिस नियमावली के तहत राजपत्रित अधिकारी ही किसी विषय पर बयान देने के लिए अधिकृत होता है। उपनिरीक्षक गगनदीप के बारे में जानकारी पुलिस अधिकारियों से लेनी चाहिए। दरोगा किसी विषय पर बयान देने के लिए अधिकृत नहीं होता है। पुलिस महकमा अनुशासन की डोर से बंधा हुआ है। दरोगा को बयान के लिए अनावश्यक परेशान करना ठीक नहीं है।
बता दें कि गर्जिया मंदिर के पास भीड़ के चंगुल से प्रेमी युगल को बचाने के बाद उपनिरीक्षक गगनदीप सिंह सुर्खियों में आए थे। देश-विदेश की मीडिया ने दरोगा की कर्तव्यनिष्ठा पर तारीफ के पुल बांधे थे। इसके बाद वह अवकाश पर चले गए थे।
बहन से मिलने गए हैं गगनदीप
गगनदीप इन दिनों चार दिन के अवकाश पर हैं उनके लिए भ्रामक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है कि वह किसी डर के चक्कर में अचानक भूमिगत हो गये हैं, लेकिन ऐसा कुछ नहीं है। कोतवाली के एसएसआई राहुल राठी ने बताया कि नौकरी में छुट्टी जाना आम बात है। गगन दीप ने कुछ दिन पूर्व ही अवकाश के लिए आवेदन किया था क्योंकि उनकी बहन विदेश से इन दिनों जसपुर आई हैं। इस कारण वह परिजनों से मिलने अवकाश पर गए हैं। गगनदीप के खिलाफ उड़ाई जा रही खबरें केवल अफवाह है।