नैनी झील में शनिवार को एक युवक का शव मिला। शव की शिनाख्त कालाढूंगी तहसील में संविदा पर तैनात कंप्यूटर ऑपरेटर के रूप में हुई। पुलिस ने शव का पंचनामा भर पोस्टमार्टम के बाद उसे परिजनों को सौंप दिया है। फिलहाल मौत के कारणों का पता नहीं चल सका।
शनिवार सुबह 10.30 बजे राहगीरों ने ठंडी सड़क स्थित पाषाण देवी मंदिर के समीप नैनी झील में युवक का शव देखा। सूचना मिलने पर टीम के साथ मौके पर पहुंचे सीओ विजय थापा, तल्लीताल प्रभारी एसओ मनवर सिंह ने नाव चालकों की मदद से शव को झील से बाहर निकलवाया। मृतक की शिनाख्त बलरामपुर हाउस परिसर नैनीताल, हाल निवासी कालाढूंगी वार्ड नंबर दो गिरीश चंद्र पांडे (38) पुत्र स्व. पूरन चंद्र पांडे के रूप में हुई। पुलिस ने गिरीश के भाई, ओखलकांडा के वन रेंजर कैलाश चंद्र पांडे को सूचना दी। पुलिस ने शव का पंचनामा भर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया है। प्रभारी एसओ मनवर सिंह ने बताया कि मृतक के मुंह से झाग निकल रहा था। इससे यह अनुमान लगाया जा रहा है कि गिरीश ने जहर खाया होगा। हालांकि पोस्टमार्टम की रिपोर्ट के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। गिरीश के परिवार में पत्नी कंचन पांडे, छह वर्षीय पुत्र सत्यम भी है।
कालाढूंगी तहसील में संविदा पर तैनात था गिरीश
पुलिस ने पोस्टमार्टम करा शव परिजनों को सौंपा
गिरीश ने की गिरीश के शव की शिनाख्त
नैनीताल। पुलिस ने जब शव को झील से बाहर निकाला तो उसकी जेब से एक मोबाइल, मोटरसाइकिल की चाबी मिली। पानी में होने के कारण मोबाइल तो ऑन नहीं हो सका लेकिन पुलिस ने फोन से सिमकार्ड निकालकर धूप में सुखा दिया। प्रभारी एसओ मनवर सिंह ने सिमकार्ड फोन में लगाया तो उसके बाद उसके दोस्त गिरीश चंद्र तिवारी का कॉल आ गया। इसके माध्यम से उसके परिजनों को सूचना दी गई। बाद में मौके पर पहुंचे बलरामपुर हाउस परिसर निवासी, कुमाऊं विवि कार्यपरिषद के सदस्य अरविंद सिंह पडियार ने भी मृतक की शिनाख्त की।