पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के बाद से शुरू हुई कुकिंग गैस की किल्लत ने मंगलवार को हुई नगर निगम की बोर्ड बैठक को अशांत कर दिया। इंडेन गैस सर्विस के प्रबंधक भरत खाती के बैठक में उपस्थित न होने से गुस्साए पार्षदों ने सदन में जमकर हंगामा काटा। उन्होंने कालाबाजारी का आरोप लगाते हुए इंडेन के खिलाफ मुर्दाबाद-मुर्दाबाद और चोर हैं-चोर हैं जैसे नारे भी लगाए।
मंगलवार को सुबह 11 बजे मेयर गजराज सिंह बिष्ट की अध्यक्षता में निगम सभागार में बोर्ड बैठक शुरू हुई। पिछली कार्रवाई की पुष्टि कराने के बाद जैसे ही प्रस्तावों का नंबर आने लगा तो कई पार्षद कुर्सी से उठ गए और कुकिंग गैस किल्लत के कारण आम जनता को हो रही दिक्कतों को लेकर सवाल करने लगे। उन्होंने मेयर गजराज और नगर आयुक्त परितोष वर्मा से इंडेन गैस एजेंसी के प्रबंधक भरत खाती को बैठक में बुलाने की मांग की।
नगर आयुक्त ने खाती को फोन किया तो पता चला कि प्रबंधक बीते दिवस पकड़ में आई सिलिंडरों की कालाबाजारी मामले में कमिश्नर कार्यालय में लिखापढ़ी में व्यस्त हैं। यह जानकर नगर आयुक्त ने पूर्ति निरीक्षक राहुल डांगी को बैठक में बुलाने के निर्देश अधीनस्थों को दिए। पार्षदों को उम्मीद थी कि कुछ देर बाद प्रबंधक खाती बैठक में पहुंचकर सिलिंडरों के वितरण को लेकर वस्तुस्थिति साफ करेंगे। इस बीच बैठक में 16 प्रस्ताव पारित हो गए लेकिन प्रबंधक नहीं पहुंचे। इस पर पार्षद हंगामा करने लगे।
इंडेन की बुकिंग के बाद भी क्यों नहीं मिल रहे सिलिंडर
मेयर पर लगाया चालाकी से प्रस्ताव पारित कराने का आरोप
कांग्रेसी पार्षद रवि जोशी ने मेयर गजराज सिंह बिष्ट पर बोर्ड बैठक के दौरान चालाकी से सारे प्रस्ताव पारित करा लेने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि बैठक के दौरान वह शुरू से ही इंडेन के प्रबंधक को बुलाने की मांग कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मेयर हर प्रस्ताव के बाद यही कहते रहे कि प्रबंधक अभी आ रहे हैं। जोशी ने कहा कि ऐसा कह कह कर मेयर ने चालाकी से सारे प्रस्ताव पारित करा लिए लेकिन आम जनता की दिक्कतों को समझने की जहमत नहीं उठाई।