कांग्रेस चुनाव समिति के सभी 70 सीटों पर पार्टी प्रत्याशियों के उतारने के ऐलान से हरीश रावत सरकार में पीडीएफ कोटे से कैबिनेट मंत्री हरीश चंद्र दुर्गापाल की परेशानी बढ़ गई है।
दुर्गापाल अब पीडीएफ और कांग्रेस के बीच फंस गए हैं। निर्दलीय चुनाव मैदान में उतरते हैं तो राह आसान नहीं है। कांग्रेस में शामिल होकर जनता के बीच जाते हैं तो कांग्रेसियों के भितरघात का शिकार होना पड़ेगा।
लालकुआं विधानसभा में भाजपा और कांग्रेस के अलावा कैबिनेट मंत्री हरीश चंद्र दुर्गापाल भी तैयारी में जुटे हैं। दुविधा इस बात को लेकर भी है कि दुर्गापाल किस तरह से चुनाव मैदान में उतरेंगे।
दुर्गापाल के पास कांग्रेस के समानांतर अपनी टीमें हैं। कांग्रेस चुनाव समिति के ऐलान से इतना तो तय हो गया कि हर सीट पर कांग्रेस अपने सिंबल पर प्रत्याशी उतारेगी।
यानि पीडीएफ के विधायक चाहें तो कांग्रेस में शामिल होकर प्रत्याशी बन सकेंगे। इस ऐलान ने लालकुआं की राजनीति हलचल बढ़ा दी है। दुर्गापाल मुख्यमंत्री हरीश रावत के बेहद नजदीकी हैं।
लगातार कांग्रेस की चुनावी सभाओं में शिरकत करने के कारण दुर्गापाल के कांग्रेस में शामिल होकर चुनाव लड़ने की चर्चाएं शुरू होने लगी हैं। दुर्गापाल कांग्रेस के सिंबल पर चुनाव लड़ते हैं तो कांग्रेसियों से निपटना सबसे बड़ी चुनौती होगी।
दुगार्पाल का कांग्रेस में जबर्दस्त विरोध है। ऐसे में दुर्गापाल को कांग्रेसियों के भितरघात का शिकार होना ही पड़ेगा। कांग्रेस के प्रबल दावेदार हरेंद्र बोरा, बीना जोशी, किरण डालाकोटी समेत कांग्रेसी नेता एवं कार्यकर्ता इसके लिए घात लगाए बैठे हैं।
पीडीएफ और कांग्रेसियों के झगड़े पर भाजपा नजर लगाए है। भाजपा पूरा फायदा उठाने की रणनीति में जुटी है।
मैं कांग्रेसी हूं, जगजाहिर है। पार्टी ने पिछली बार मेरा टिकट काटकर गलती की। क्षेत्र की जनता ने मुझे चुनाव मैदान में भेजा और रिकार्ड मतों से जिताकर पार्टी को उसकी गलती का एहसास कराया। हरीश रावत सरकार को समर्थन देने के बाद मैंने कांग्रेस की सदस्यता भी ली। पर्ची आज भी मेरे पास सुरक्षित है। अब टिकट का मामला कांग्रेस हाईकमान तय करेगा। - हरीश चंद्र दुर्गापाल, कैबिनेट मंत्री
कैबिनेट मंत्री हरीश चंद्र दुर्गापाल भाजपा में जाएं या फिर कांग्रेस में, चुनाव तो मैं लडू़ंगा ही। 2012 में दुर्गापाल ने जब मुझे सहन नहीं किया तो मैं उन्हें कैसे सहन करूंगा। दुर्गापाल कांग्रेस के सिंबल पर चुनाव लड़ेंगे तो निर्दलीय चुनाव लड़कर उन्हें हराना मकसद रहेगा। कांग्रेस की पूरी टीम मेरे साथ है। - हरेंद्र बोरा, कांग्रेसी नेता
21 को सीएम आएंगे बिंदुखत्ता
लालकुआं के राजनीति हालात भांपने के लिए मुख्यमंत्री हरीश रावत 21 दिसंबर को लोकार्पण और शिलान्यास के बहाने बिंदुखत्ता आएंगे। जड़ स्थित स्कूल में दुग्ध निदेशालय का शिलान्यास, ट्रेनिंग सेंटर का लोकार्पण समेत कई योजनाओं का शुभारंभ करेंगे।