काठगोदाम के रानीबाग स्थित चित्रेश्वरधाम परिसर में शनिवार को दो पक्षों में जमकर हंगामा हुआ। विवाद पहाड़ आर्मी और शनिदेव महाराज एवं नवग्रह मंदिर समिति के सदस्यों के बीच हुआ। नोकझोंक और तनातनी की सूचना पर मौके पर फोर्स पहुंची और दोनों पक्षों के सात लोगों को हिरासत में लिया है। सीएम का काफिला गुजरने की वजह से पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मामला शांत कराया।
शनिवार को चित्रेश्वरधाम मंदिर परिसर में भंडारे का आयोजन कराया गया था। यह भंडारा शनिदेव जी महाराज एवं नवग्रह मंदिर समिति की तरफ से था। भंडारे के दौरान अचानक बर्तन फेंके जाने की बात कहते हुए शोर-शराबा होने लगा। देखते ही देखते मंदिर परिसर में दोन पक्षों के बीच घमासान गया। इसमें एक पक्ष समिति और दूसरा पक्ष पहाड़ आर्मी का था। मामला मारपीट, खींचतान तक पहुंच गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर फोर्स को मौके पर भेजा गया। पुलिसकर्मियों ने दोनों को समझाने का प्रयास किया लेकिन दोनों ही पक्षों के बीच पुलिस के सामने ही खींचतान शुरू हो गई। इसके बाद पुलिस ने करीब सात लोगों को हिरासत में लिया और चौकी ले गई। तब मामला शांत हुआ।
एंगल लगाकर धार्मिक स्वरूप को पहुंचा रहे नुकसान
पहाड़ी आर्मी संगठन के चंदन सिंह ने बताया कि चित्रेश्वर महादेव मंदिर पौराणिक धार्मिक स्थल है। आरोप है कि दूसरा पक्ष मंदिर परिसर में कब्जा करना चाहता है, इसलिए लोहे के एंगल लगाए गए हैं। इससे मंदिर के मूल स्वरूप को क्षति पहुंच रही है। उन्होंने धार्मिक भावनाओं को आहत करने का आरोप भी लगाया है।
बर्तन फेंके और टेंट फाड़ने का आरोप
श्री शनिदेव जी महाराज एवं नवग्रह मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत कुमार भय्यू ने बताया कि शनि मंदिर की स्थापना के 20 वर्ष पूरे होने पर शनिवार को भंडारा आयोजित किया गया था। उनका आरोप है कि विरोध करने पहुंचे लोगों ने भंडारे के बर्तन फेंक दिए और टेंट फाड़ दिया। श्रद्धालुओं में अफरातफरी मच गई। बताया कि किसी को निर्माण कार्य से आपत्ति है तो कोर्ट में जाएं इस तरह विवाद करने से कोई फायदा नहीं है।
हंगामे और झगड़े की सूचना पर तुरंत पुलिस फोर्स को भेजा गया था। धार्मिक स्थल को लेकर दोनों पक्षों में आपसी विवाद की बात सामने आई है। कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है, दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
-मनोज कुमार कत्याल, एसपी सिटी