हरि नगर में बार खुलने का विरोध आखिरकार सरकार (मुख्यमंत्री) तक पहुंच ही गया है। हरिनगर की ग्राम प्रधान माया तिवारी के नेतृत्व में ग्रामीण महिलाओं का प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को मुख्यमंत्री से मिला। ग्राम प्रधान ने ज्ञापन सौंपकर हरि नगर में बार खुलने का पुरजोर विरोध जताया। मुख्यमंत्री ने ग्राम प्रधान की पूरी बात सुनने के बाद कार्रवाई का भरोसा दिलाया। डीएम से इसकी पूरी जांच कराने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। इस दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष सतीश नैनवाल भी मौजूद थे।
हरि नगर में दो बार खुलने जा रहे हैं। दोनों ही बार घनी आबादी के बीच में हैं। इनके आसपास स्कूल और धार्मिक स्थल हैं। हरि नगर के ग्रामीण बार के विरोध में आंदोलित हैं। बुधवार को महापंचायत में बार का पुरजोर विरोध होने के बाद ग्रामीणों ने मंगलवार को मुख्यमंत्री हरीश रावत तक ने अपना विरोध पहुंचाया। मुख्यमंत्री के काठगोदाम आने की सूचना पर हरि नगर की ग्राम प्रधान माया तिवारी गांव की महिलाओं और पुरुषों के साथ सर्किट हाउस पहुंच गई। सुरक्षा कर्मियों ने ग्रामीणों को रोक लिया।
जद्दोजहद के बाद ग्राम प्रधान और गांव के यतीश उपाध्याय को मुख्यमंत्री से मुलाकात करने के लिए पांच मिनट का वक्त दिया गया। ग्राम प्रधान ने मुख्यमंत्री से कहा कि गांव की दो हजार की आबादी में तीन बार खुलने जा रहे हैं। इनमें दो बार हरि नगर में खुल रहे हैं। बार खुलने से अराजकता होगी। दोनों ही बार मुख्य सड़क पर हैं। यहां रात दिन यातायात का जबर्दस्त दबाव रहता है। ऐसे में नशे में अक्सर दुर्घटनाएं होंगी। ग्राम प्रधान ने कहा कि गांव के सभी लोग और स्थानीय जनप्रतिनिधि बार खुलने के खिलाफ हैं। मुख्यमंत्री ने ग्राम प्रधान से ज्ञापन लेकर डीएम से जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।