नैनीताल। गेठिया ग्रामसभा के छिनकुआं तोक के ग्रामीणों ने रविवार को देवी मंदिर प्रांगण में मंदिर की जमीन पर कब्जा करने का आरोप लगाते हुए मंदिर में सभा कर सांकेतिक धरना-प्रदर्शन किया। कहा कि मंदिर की जमीन का किसी अन्य के हाथोें में जाना स्वीकार नहीं किया जाएगा। जरूरत पड़ी तो ग्रामीण इसके लिए एकजुट होकर आंदोलन करेंगे।
मंदिर प्रांगण में हुई सभा में ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कुछ लोग मंदिर और इसके आसपास की जमीन पर कब्जे का प्रयास कर रहे हैं। उक्त जमीन वन विभाग की है जहां ब्रिटिश शासन के समय से ही मंदिर स्थापित है। 90 के दशक में मंदिर का जीर्णोद्धार कराया गया और सुरक्षा एवं सौंदर्य के लिए 80 के दशक में ही यहां सुरई के कई पेड़ लगाए गए थे लेकिन बीते कुछ समय से पेड़ एकाएक सूखने लगे हैं।
आशंका जताई गई कि पेड़ की जड़ों पर रसायन डालकर उन्हें सुखाया जा रहा है। तय किया गया कि इस संबंध में जल्द ही ग्रामीणों का प्रतिनिधिमंडल कुमाऊं आयुक्त से मुलाकात करेगा। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि हाल के समय में क्षेत्र में कुछ अवांछित लोगों की आवाजाही बढ़ने से यहां भय का माहौल पैदा हो गया है। वहां नवीन बिष्ट, सुरेश बिष्ट, नरेंद्र बिष्ट, रवि जोशी, कमल पंत, सुरेश बगडवाल, केतन बोरा, विनीता बोरा, हेमा बोरा, ललिता नेगी आदि थे।