नैनीताल। आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने से एक किसान अपनी मेधावी बेटी की उच्च शिक्षा का खर्च उठाने में असमर्थ थे। मामला संज्ञान में आने के बाद अब जिला प्रशासन मेधावी बेटी की पढ़ाई का खर्च उठाएगा। इस संबंध में जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास ने बालिका के परिजनों से वार्ता की। इसके बाद उसका दाखिला पाल नर्सिंग कॉलेज हल्द्वानी में करा दिया है।
ब्लॉक धारी के ग्राम सरना के तोक खरंखा पदमपुरी निवासी किसान की चार बेटियां हैं। सोनी ने राइंका धारी से इंटरमीडिएट की परीक्षा 65 फीसदी अंकों के साथ पास की है। आर्थिक स्थिति खराब होने से माता-पिता बेटी की पढ़ाई जारी रखने में असमर्थ हैं। यह सूचना जिलाधिकारी सविन बंसल तक पहुंची। इसके बाद डीएम बंसल ने जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास अनुलेखा बिष्ट को निर्देश दिए कि वह बालिका और उसके माता-पिता से संपर्क करें।
जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास अनुलेखा बिष्ट ने बताया कि बातचीत के बाद परिजन सोनी की आगे की पढ़ाई के लिए तैयार हो गए हैं। डीएम ने बालिका की इच्छा के अनुसार उसका दाखिला पाल नर्सिंग कॉलेज हल्द्वानी में करा दिया है। सोनी की फीस और पढ़ाई का खर्चा जिला प्रशासन वहन करेगा। संवाद