नैनीताल। जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजीव कुमार खुल्बे ने बिजली चोरी के एक मामले की सुनवाई करते हुए आरोपी को धारा 135 विद्युत अधिनियम के अधीन दोषी पाते हुए एक वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने विद्युत अधिनियम की धारा 154 (5) के तहत अभियुक्त के खिलाफ सिविल दायित्व का अधिरोपण करते हुए अभियुक्त को 5 लाख 25 हजार 199 रुपये अदा करने का भी आदेश दिया।
अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय को बताया गया कि विद्युत वितरण उपखंड द्वितीय हल्द्वानी के अवर अभियंता बंशीधर डालाकोटी ने 23 फरवरी 2017 को वनभूलपुरा थाने में इमरान समेत तीन अन्य लोगों के खिलाफ विद्युत चोरी का मुकदमा दर्ज कराया था। बताया गया कि आरोपियों ने विद्युत मापक (मीटर) से पहले लाइन में कट मारकर व केबिल जोड़कर कटिया डालकर विद्युत चोरी की है।
पुलिस ने इमरान को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। जहां से बाद में उसे जमानत मिल गई। 23 अक्तूबर 2017 को इस मामले में हुई सुनवाई में न्यायालय ने इमरान के खिलाफ लगाए गए आरोप को सही पाया। शुक्रवार को हुई सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से मामले में पांच गवाह न्यायालय में पेश किए गए। गवाहों के बयान और पत्रावली के अवलोकन के बाद जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजीव कुमार खुल्बे ने आरोपी इमरान के खिलाफ फैसला सुनाते हुए विद्युत अधिनियम की धारा 135 के तहत एक वर्ष के कारावास और एक अन्य धारा के तहत 5 लाख 25 हजार 199 रुपये विभाग को अदा करने का फैसला सुनाया। अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने पैरवी की।