रामनगर। उत्तराखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अजय भट्ट ने गैरसैंण में कैबिनेट की बैठक को महज दिखावा बताते हुए कहा कि वहां पर स्थायी राजधानी के रूप में सभी मंत्री, विधायकों के कार्यालय, आवास भी बनने चाहिए, भाजपा कभी भी इस प्रक्रिया का विरोध नहीं करेगी।
यहां भाजपा मंडल अध्यक्ष मनीष अग्रवाल के आवास पर हुई प्रेसवार्ता में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि यमुना कालोनी देहरादून स्थित आर-1 का बंगला विधानसभा अध्यक्ष, आर-2 का बंगला नेता प्रतिपक्ष के लिए आरक्षित होता है लेकिन वर्तमान सरकार ने आज भी आर-2 का बंगला खाली नहीं कराया है। जिससे संवैधानिक व्यवस्था की उपेक्षा हुई है। शराब कारोबारी पोंटी चड्ढा हत्याकांड में अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष सुखदेव सिंह नामधारी के गनर का नाम उजागर होने पर भट्ट ने कहा कि पुराने मामलों में नामधारी आरोपी भले ही हों लेकिन वे दोषी नहीं हैं जैसे कि मुख्यमंत्री के सलाहकार सीबी सिंह भी विवादित रहे हैं। भट्ट ने बेरोजगारी भत्ते के मानकों को सरल बनाने की मांग की, कहा कि पेचीदगी के कारण ऊधमसिंहनगर के 66 हजार पंजीकृत बेरोजगारों में से सिर्फ 30 अभ्यर्थी ही इसके पात्र बन सके हैं। उन्होंने राज्यवित्त, जिला योजना, योजनागत व्यय से धनावंटन की धीमी गति पर चिंता जताते हुए बताया कि आठ माह बाद भी इन मदों में करीब 25 प्रतिशत धनराशि खर्च हुई है। इससे पूर्व यहां पहुंचने पर नगर महामंत्री सत्यप्रकाश शर्मा, विमल अग्रवाल, प्रकाश शर्मा, राकेश अग्रवाल आदि ने उनका स्वागत किया।