फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पीएमओ कार्यालय ने खैरना झील पर मांगी रिपोर्ट

विज्ञापन
dam
विज्ञापन
हल्द्वानी। नैनीताल शहर की प्यास बुझाने के लिए प्रस्तावित खैरना झील और बैराज को लेकर प्रधानमंत्री कार्यालय ने फिजिबिलिटी रिपोर्ट मांगी है। यह पहल राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी की पहल पर हुई है। बलूनी के अनुसार योजना पर आने वाले खर्च का वहन केंद्र सरकार करेगी।
विज्ञापन

बारिश कम होने पर नैनी झील का जलस्तर गिर जाता है। यह स्थिति कई बार आ चुकी है। नैनीताल शहर में पेयजल की आपूर्ति का मुख्य स्रोत झील ही है। बार-बार होने वाली पेयजल समस्या के समाधान के लिए करीब पांच महीने पहले राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी की अध्यक्षता में अधिकारियों की बैठक हुई। इसमें समस्या के समाधान के रूप में खैरना में झील और बैराज बनाने का प्रस्ताव आया। इससे खैरना में मौजूदा पेयजल योजनाओं पर असर नहीं पड़ेगा और नैनीताल को भी पानी की आपूर्ति हो जाएगी।
इसके लिए सांसद बलूनी ने पीएमओ कार्यालय में पैरवी की है। सांसद बलूनी के अनुसार खैरना में झील के साथ बैराज भी बनने पर योजना का खर्च करीब 320 करोड़ तक पहुंच सकता है। इस राशि की व्यवस्था केंद्र सरकार के माध्यम से कराई जाएगी। इस योजना के संबंध में पीएमओ ने राज्य सरकार के मुख्य सचिव से फिजिबिलिटी रिपोर्ट मांगी है। बलूनी के अनुसार अब समय आ गया है कि नैनीताल शहर में पानी की आपूर्ति के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जाए। नैनीताल झील के संरक्षण और शहर की आवश्यकताओें के संबंध में पीएमओ कार्यालय को भी अवगत कराया गया है। इस संबंध में एक प्रारंभिक रिपोर्ट भी पीएमओ को सौंपी जा चुकी है। केंद्र सरकार से अनुरोध किया गया है कि नैनीताल की विशेष परिस्थिति है, ऐसे में योजना के लिए बजट की व्यवस्था केंद्र से की जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन



खैरना में झील और बैराज के लिए पीएमओ ने मांगी फिजिबिलिटी रिपोर्ट
राज्यसभा सांसद बलूनी कर रहे योजना की पैरवी, केंद्र सरकार वहन करेगी योजना पर आने वाला खर्च
320 करोड़ तक पहुंच सकता बैराज बनने का खर्च
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें