हल्द्वानी। समाज कल्याण विभाग की ओर से जरूरतमंदों को लाभान्वित करने के लिए योजनाएं बेशुमार हैं लेकिन सभी में बजट के इंतजार में निदेशालय बेकरार है।
किसान पेंशन योजना में तो बजट का प्रावधान ही खत्म हो गया था। पेंशन के भुगतान के लिए आकस्मिकता निधि से राशि मांगी गई थी, जबकि दिव्यांग पेंशन, अनुसूचित जाति दशमोत्तर, ओबीसी दशमोत्तर, अनुसूचित जाति की पुत्री के विवाह, विधवा पुत्री विवाह, दिव्यांग छात्रवृत्ति समेत अन्य कई योजनाओं में बजट की दरकार है। समाज कल्याण निदेशक मेजर योगेंद्र यादव ने बताया कि अनुपूरक बजट के तहत राशि की मांग की गई है।
योजनाएं बेशुमार, बजट के लिए निदेशालय बेकरार
आधा दर्जन योजनाओं के लिए समाज कल्याण निदेशालय को बजट का इंतजार
इनमें योजनाओं में है बजट की जरूरत
- अनुसूचित जाति दशमोत्तर छात्रवृत्ति 1.10 अरब। मिला महज 43.24 करोड़ रुपये।
- ओबीसी दशमोत्तर के लिए जरूरत 30 करोड़ रुपये और मिला महज 6.48 करोड़ रुपये।
- अनुसूचित जाति की पुत्री के विवाह के लिए 15 करोड़ की जरूरत।
- विधवा की पुत्री के विवाह के लिए तीन करोड़ रुपये की जरूरत।
- किसान पेंशन योजना में 30 करोड़ 85 लाख 71 हजार रुपये की जरूरत।
- दिव्यांग पेंशन के लिए 27 करोड़ 85 लाख 21 हजार रुपये की जरूरत।