भीमताल (नैनीताल)। नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश ने ग्रामसभाओं को नगर निकायों में शामिल करने का विरोध किया। कहा कि निर्वाचित पंचायत प्रतिनिधियों को बर्खास्त करने का अधिकार सरकार को नहीं है। उन्होंने कहा कि पंचायतों के अस्तित्व को बरकरार रखने को लेकर कांग्रेस न्यायालय की शरण लेगी। बताया कि सात दिसंबर से गैरसैंण में प्रस्तावित सत्र में कांग्रेस प्रदेश सरकार को प्रमुखता से घेरेगी।
डॉ. हृदयेश ने रविवार शाम यहां ठंडी सड़क स्थित एक होटल में पत्रकारों से बातचीत कर रही थी। उन्होंने कहा कि पंचायतों का पौने दो साल का कार्यकाल बाकी है। निर्वाचित प्रतिनिधियों के पक्ष में कानूनी कार्रवाई की रणनीति 31 अक्तूबर को बनेगी। कोई भी मंत्री पंचायतों को निकायों में शामिल करने का लाभ नहीं बता पाया। हृदयेश ने कहा कि प्रदेश सरकार राजनीतिक विरोध से बचने के लिए जाड़ों में गैरसैंण में सत्र कर रही है लेकिन कांग्रेस सदन के भीतर सरकार को घेरने के लिए तैयार है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि भाजपा केवल सपने दिखाने वाली पार्टी है। इस सरकार ने जीएसटी समेत तमाम जनविरोधी नियम थोपकर लोगों को परेशान किया है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं का भी उत्साह बढ़ाया। कहा कि निराश होने की जरूरत नहीं है क्योंकि देश, प्रदेश में आने वाला समय कांग्रेस का है। बैठक को पूर्व विधायक सरिता आर्या, जिला पंचायत सदस्य डॉ. हरीश बिष्ट, पुष्कर मेहरा, सतीश वर्मा, नितेश बिष्ट आदि ने भी संबोधित किया।