हल्द्वानी। वार्ड नंबर चार आवास विकास भाजपा की सीट मानी जाती रही है। इस बार के वार्ड परिसीमन ने पूरे आंकड़े बदलकर रख दिए। आंकड़ों पर गौर करें तो कांग्रेस-भाजपा से बढ़त बनाते हुए दिख रही है। इस वार्ड से भाजपा से दो दावेदार, कांग्रेस से एक और एक निर्दलीय दावेदार सामने आ रहे हैं।
नगर निगम में 60 वार्ड शामिल होने के बाद वार्ड का परिसीमन हुआ। आवास विकास, सुभाष नगर गोविंदपुरा से टूट कर तीन वार्ड बन गए इससे इन वार्डों के समीकरण बदल गए। आवास विकास में इस बार गोविंदपुरा का सौरभ होटल वाला भाग मिला दिया गया। इस वाले भाग में 200 वोटर हैं। ये वोटर इंदिरा हृदयेश के खास माने जाते हैं। इसलिए कांग्रेस से चुनाव लड़ने वाले इंदिरा-सुमित का आशीर्र्वाद मिलने की बात कर रहे हैं।
उधर वर्तमान पार्षद दीपा पांडे और गोपाल भट्ट दोनों भाजपा के सिंबल से चुनाव लड़ने की बात कर रहे हैं। उधर, पहले कांग्रेस में रहे कुछ लोग निर्दलीय चुनाव लड़ने का दावा ठोक रहे हैं।
क्या बोले दावेदार -
पिछले निकाय चुनाव में उन्होंने भाजपा से चुनाव लड़ा और अच्छे वोट से जीतकर आई। इस बार भी भाजपा से दावा कर रही हूं। वार्ड में सीवर लाइन को छोड़कर कोई समस्या नहीं है।
दीपा पांडे, पार्षद
मैंने 2008 में भाजपा के सिंबल से चुनाव लड़ा था। उसके बाद महिला सीट आ गई। उन्होंने पार्टी में सिंबल के लिए दावा करा है। पार्टी को मुझसे अच्छा प्रत्याशी मिलता है तो पार्टी उसे टिकट दे सकती है। मुझे टिकट मिलने की पूरी उम्मीद है।
गोपाल भट्ट
मैंने कांग्रेस से टिकट मांगा हैं। इन्दिरा हृदयेश और सुमित हृदयेश को अपना आवेदन भी सौंपा है। कई पार्टियां मुझे टिकट का ऑफर दे रही हैं। कांग्रेस टिकट नहीं देती है तो वह निर्दलीय चुनाव लड़ेंगे।
सीएम पांडे
पार्षद का चुनाव सिंबल पर नहीं जीता जाता है। वार्ड में मोदी लहर नहीं चलेगी। उन्होंने इन्दिरा हृदयेश से इस वार्ड के लिए बहुत काम कराए हैं। वह काम के नाम पर वोट मांगेंगे और निर्दलीय चुनाव लड़ेंगे। भाजपा के पार्षद ने वार्ड में कोई काम नहीं कराया।
बृजेश बिष्ट
बड़ी सीवर लाइन की जरूरत, आवारा कुत्ते हैं परेशानी
हल्द्वानी। आवास विकास में 1984 में छह इंच सीवर लाइन डाली गई थी। उस समय की आबादी के हिसाब से यह लाइन काफी बड़ी थी। 34 साल बाद ये सीवर लाइन आए दिन चोक रहती है। उधर आवारा कुत्तों और पशुओं का आतंक इस वार्ड में बना हुआ है। वार्ड के निवासी बताते हैं कि इस वार्ड में इंदिरा हृदयेश ने पेयजल लाइन, पानी का ओवर हेडटैंक और सड़कों का काम कराया। लेकिन 34 साल बाद भी यहां नई सीवर लाइन नहीं डाली गई। लोगों का आरोप है कि नगर निगम को कई बार बताने के बाद भी वार्ड में आवारा कुत्तों का आतंक है। आवारा कुत्ते कई लोगों को काट चुके हैं। उसके बाद भी निगम ने कोई कार्रवाई नहीं की।