रामनगर (नैनीताल)। कोसी नदी में बिना तैयारी के दो गेटों को खनन के लिए खोल दिया गया। सोमवार को अवैध खनन रोकने के लिए जब एसडीएम, खान अधिकारी, क्षेत्रीय प्रबंधक और पुलिस ने छापे मारे तो यह खुलासा हुआ। टीम ने दो गेट बंद करने और रेंजर को हटाने की संस्तुति डीएम से की है।
एसडीएम परितोष वर्मा, खान अधिकारी राजपाल लेघा, वन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक गिरीश चंद्र पंत, वन विभाग के एसडीओ कलम सिंह बिष्ट ने सोमवार को कोसी में छापे मारे। सबसे पहले दोपहर 12 बजे कठियापुल गेट पर टीम पहुंची तो वहां सुबह की पाली के छह वाहन पकड़े। कोसी में सुबह के ही टोकन से शाम की निकासी का प्रयास करने पर दो वाहनों को जब्त किया गया। एसडीएम वर्मा ने बताया कि अवैध खनन न रुकने पर कठियापुल, खड़ंजा के दो गेट बंद करने, रेंज अधिकारी को हटाने की संस्तुति डीएम को भेजी गई है।
उपखनिज निकासी गेटों पर ये खामियां मिलीं
रामनगर (नैनीताल)। सड़कों से उड़ने वाली धूल रोकने के लिए पानी डालने की व्यवस्था नहीं थी। सभी गेटों पर डबल कांटे होने चाहिए। रॉयल्टी से अधिक उपखनिज भरे वाहन कांटों पर तेज गति से निकल रहे थे। इससे राजस्व की हानि हो रही थी। कांटे पर सुरक्षा व्यवस्था न होने, सीसीटीवी कम लगने, कई सीसीटीवी खराब होने से उपखनिज की चोरी पकड़ना कठिन हो रहा है।
वन निगम के आरएम, राजस्व उपनिरीक्षक जंगल में फंसे
रामनगर (नैनीताल)। अवैध खनन के खिलाफ संयुक्त रूप से अभियान चलाने के बाद लौटते समय वन निगम के आरएम गिरीश चंद्र पंत, राजस्व उपनिरीक्षक तारा चंद्र घिल्डियाल, आरिफ हुसैन जंगल में अलग दिशाओं में फंस गए। आरएम के लिए गांव से ही एक ट्रैक्टर भेजकर करीब सात बजे उन्हें जंगल से बाहर निकाला गया, वहीं राजस्व उपनिरीक्षक तारा चंद्र घिल्डियाल, आरिफ हुसैन भी दूूसरे रास्तों से जंगल में भटक गए। गड्ढे में फंसे वाहन का बंपर भी टूट गया। उधर, तहसीलदार प्रियंका रानी पहले ही एसडीओ, पीरूमदारा चौकी प्रभारी कविंद्र शर्मा के साथ लौट आई थी। अधिकारियों ने ग्रामीणों को फोन कर जंगल में भटकने की सूचना दी। इसलिए ग्रामीणों ने उन्हें जंगल से बाहर निकाला।
ट्रांसपोर्टर ने दो घंटे बंद की उपखनिज निकासी
रामनगर (नैनीताल)। खनन ट्रांसपोर्टरों ने सोमवार को कठियापुल खनन गेट पीरूमदारा पर 10 से 12 बजे तक धरना, प्रदर्शन किया। ट्रांसपोर्टर हाजी सलीम के नेतृत्व में नारेबाजी की। कहा कि इस खनन गेट पर तौल के लिए दो कांटे लगे हैं, लेकिन इनमें से एक ही कांटा चालू है। इससे निकासी में देरी हो रही है। धरने के कारण दो घंटे तक गेट से वाहन नहीं आ, जा सके। ट्रांसपोर्टरों ने धरनास्थल से ही वन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक गिरीश चंद्र पंत से फोन पर वार्ता की। आरएम ने पांच दिन में दूसरा तौल कांटा चालू करवाने का आश्वासन दिया। इसलिए दो घंटे बाद धरना समाप्त कर दिया गया। तभी तौल कार्य बहाल हो सका। इस दौरान इम्तियाज, सूरज डौर्बी, शौकीन अली, संजीव शर्मा, भगवत रावत, समीर अली, भूरा, पप्पू आदि थे।