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शासन निजी क्षेत्र के वाहन संचालकों पर हुआ मेहरबान

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हल्द्वानी। शासन निजी क्षेत्र के वाहन संचालकों पर मेहरबान हुआ है। उन राष्ट्रीयकृत रूटों पर जहां रोडवेज का बस संचालन का एकाधिकार है, वहां निजी वाहन संचालक भी बसों को चला सकेंगे। अगर कोई अड़चन नहीं आई तो पर्वतीय रूटों पर संचालित केमू की बसें मैदानी रूट पर चल सकेंगी। इस संबंध में शासन ने अधिसूचना जारी करने के साथ 30 दिन के अंदर आपत्ति मांगी है।
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कुमाऊं में कुमाऊं मोटर्स ओनर्स यूनियन (केमू) को चुनिंदा रूटों पर विशेष तौर पर चलने की अनुमति पूर्व में दी गई थी। अब शासन ने कई और रूटों को निजी वाहन संचालकों को खोलने की तैयारी की है। इस संबंध में परिवहन सचिव की तरफ से अधिसूचना भी जारी हो गई है।



मैदानी रूटों पर दौड़ सकेंगी केमू की बसें
शासन निजी क्षेत्र के वाहन संचालकों पर मेहरबान, राष्ट्रीयकृत रूटों पर वाहन चलाने का अवसर देने की तैयारी

ये है योजना
- हल्द्वानी-रानीखेत रूट पर निजी क्षेत्र के पूर्व में अनुमन्य 54 सेवाओं के साथ पर 25 और अतिरिक्त सेवाएं (कुल 79) को चलाने की योजना है।
-हल्द्वानी-नैनीताल मार्ग पर अभी तक रोडवेज सेवाएं संचालित करता है। इस रूट पर भी निजी संचालकों को 12 सेवाएं संचालित करने की अनुमति देने की तैयारी है।
-रानीबाग-भीमताल में फेरों का झंझट खत्म कर निजी वाहन संचालकों को वाहन संचालन की इजाजत दिए जाने का भी प्रस्ताव है। इस रूट पर अभी दो फेरे की अनुमति है।
-हल्द्वानी- सितारगंज- खटीमा-टनकपुर रूट पर केमू को दो सेवाओं को संचालन की अनुमति देने की तैयारी है।
-टनकपुर से लोहाघाट रूट पर निजी क्षेत्र को दो सेवाओं के संचालन अनुमति
- लोहाघाट से घाट और पिथौरागढ़ से ओगला के लिए के लिए फेरों का प्रतिबंध के बिना निजी वाहन संचालकों को सेवाओं के संचालन के लिए रास्ता खोलने की तैयारी है।
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-मुरादाबाद-रामपुर- किच्छा-हल्द्वानी रूट पर भी नई व्यवस्था को लागू करने की योजना है।
- निजी संचालकों को सीधी सेवाओं को प्रदान करने के लिए रुद्रपुर-किच्छा मार्ग का उपांतर तक करने की तैयारी है।
- रानीखेत-द्वाराहाट रूट पर निजी क्षेत्र की सीधी सेवाएं उपलब्ध कराये जाने के लिए गगास-द्वाराहाट मार्ग का उपांतर किया जाना है।

आपत्ति मांगी गई, सुनवाई होगी
हल्द्वानी। अगर रोडवेज समेत किसी को इस व्यवस्था से आपत्ति है, तो वह तीस दिन के अंदर आपत्ति कर सकता है। इन आपत्तियों पर सुनवाई के लिए अपर परिवहन आयुक्त हरि चंद सेमवाल को नामित किया गया है।
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