रघुवीर और तीरथपाल 14 दिन की न्यायिक हिरासत में
- भूमि संबंधित 3 मामलों में बैक डेट से 143 में लगाई थी रिपोर्ट
- अब घोटाले में शामिल 20 आरोपी जेल में
अमर उजाला ब्यूरो
नैनीताल। एनएच -74 भूमि मुआवजा घोटाले में गिरफ्तार किए गए बेड़ीनाग के प्रभारी तहसीलदार रघुवीर सिंह और आत्मसमर्पण करने वाले एसडीएम तीरथपाल को सोमवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायालय भ्रष्टाचार निवारण सीपी बिजल्वाण की कोर्ट में पेश किया गया जहां से दोनों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जिला जेल भेज दिया गया है।
सोमवार दोपहर एसआईटी टीम के जांच अधिकारी स्वतंत्र कुमार सिंह गिरफ्तार किए गए आरोपी रघुवीर सिंह को लेकर नैनीताल जिला कोर्ट पहुंचे। वहीं आत्मसमर्पण करने वाले तीरथपाल सिंह को शाम करीब 4 बजे कोर्ट लाया गया। बता दें कि 2012 में रघुवीर सिंह गदरपुर में कानूनगो और तीरथपाल 2013 में बाजपुर के एसडीएम के रूप में तैनात थे। आरोप है कि रघुवीर सिंह ने गदरपुर तहसील में कानूनगो रहते हुए ग्राम बरीराई के किसान जरनैल सिंह, करनैल सिंह, सुंदर सिंह और परमजीत सिंह की भूमि से संबंधित 3 मामलों की फाइल में बैक डेट से धारा 143 में कृषक भूमि को अकृषक किए जाने के लिए रिपोर्ट लगाई थी। इसके आधार पर आरोपियों की ओर से किसानों को 2 करोड़ से अधिक का मुआवजा दिलवाया गया था जिसका भुगतान उस समय एसएलओ रहे अनिल शुक्ला की ओर से जारी किया गया था। तो वहीं 2013 में बाजपुर व गदरपुर में एसडीएम के रूप में तैनात तीरथपाल सिंह ने ग्राम मढिया रतना के किसान भगवान दास और मीना अग्रवाल की भूमि से संबंधित मामलों में बैक डेट से धारा 143 की कार्रवाई कर कृषक भूमि को फर्जी तरीके से अकृषक करने के आदेश दिए थे। तीरथपाल की ओर से किए गए आदेश के आधार पर किसानों को 2 करोड़ अधिक रूपये का मुआवजा दिलाया था। ये राशि डीपी सिंह ने एसएलओ रहते जारी की थी। दोनों आरोपियों को नैनीताल जिला जेल भेजा गया है।
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एनएच-74 मामले में अब तक 20 आरोपी जा चुके हैं जेल
- एनएच-74 भूमि मुआवजा घोटाले में रघुवीर सिंह और तीरथपाल सिंह की गिरफ्तारी हो जाने के बाद घोटाले में शामिल आरोपियों की संख्या 20 हो चुकी है। घोटाले के मुख्य आरोपी डीपी सिंह, बिल्डर सुधीर चावला और प्रिया शर्मा के साथ ही 18 आरोपी अभी तक जेल जा चुके हैं।
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अभी तक नहीं बनी सड़क
- रघुवीर सिंह द्वारा ग्राम बरीराई के किसानों की जिस भूमि को कृषक से अकृषक किए जाने की कार्रवाई संबंधित रिपोर्ट में बैक डेट से 143 कराई गई थी। जानकारी के अनुसार उस भूमि में अभी तक कोई सड़क का निर्माण नहीं हो पाया है।
-फोटो सहित-...........02,03 पी से