नैनीताल। पांच करोड़ रुपये से नैनी झील से मलबा साफ किया जाएगा और नालों का जीर्णोद्धार होगा। हाल ही में मिले बजट को खर्च करने की कार्ययोजना सिंचाई विभाग ने तैयार कर ली है। अरसे बाद नैनी झील की तली तक सफाई कराए जाने की उम्मीद है। नैनी झील को लेकर सरकार चिंतित है। एक ओर यह झील मुख्य पर्यटन स्थल है और दूसरी ओर यह नगरवासियों के पेयजल का मुख्य स्रोत है। झील के घटते जलस्तर को रोकने के लिए नालों का जीर्णोद्धार कराया जाना और मलबा सफाई जरूरी है। सरकार ने झील सुधार के लिए पांच करोड़ रुपये का बजट जारी किया है। हालांकि अभी तक यह पैसा सिंचाई विभाग को नहीं मिल सका है, लेकिन विभाग ने इससे कराए जाने वाले कार्यों का ब्योरा तैयार कर लिया है।
सिंचाई विभाग ने पांच करोड़ रुपये खर्च करने की योजना तैयार की
शासन से जल्द पैसा मिलने की उम्मीद
नैनी झील का जलस्तर फिर एक इंच घटा
नैनीताल। नैनी झील का जलस्तर पिछले दिनों 55 एमएम बारिश होने के बाद दो इंच बढ़ गया था, लेकिन अब एक इंच फिर घट गया है। अब तक झील का जलस्तर जहां 0.10 इंच था, वहीं मंगलवार को 0.9 इंच रह गया। अब दोबारा से विभागों की नजरें बारिश पर टिक गईं हैं।
अमृत योजना में साढ़े सात करोड़ मांगे
सिंचाई विभाग ने नैनी झील के जीर्णोद्धार के लिए एक महीना पहले शासन से साढ़े सात करोड़ रुपये मांगे हैं। अगर यह सात करोड़ रुपये शासन से जारी हुए तो झील विकास के लिए सिंचाई विभाग को कुल साढ़े सात करोड़ रुपये मिल जाएंगे।