नैनीताल। उच्च न्यायालय ने भाजपा के अनुसूचित मोर्चे के प्रदेश महामंत्री समीर आर्या के साथ मारपीट करने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी पर रोक लगाने से संबंधित याचिका को खारिज कर दिया है।
न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। मामले के अनुसार चार जनवरी 2018 को हल्द्वानी निवासी समीर आर्या ने हल्द्वानी कोतवाली में गुरप्रीत सिंह, धीरज कुकरेजा, हर्षित जोशी, मोनू कपूर, तरन बिंद्रा व अन्य के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धाराओं व अनुसूचित जाति एवं जनजाति अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया था। गुरप्रीत सिंह व अन्य ने इस प्रथम सूचना रिपोर्ट को निरस्त करने व उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगाने की प्रार्थना की थी। याचिका में कहा कि शिकायतकर्ता समीर आर्या सत्ताधारी पार्टी का एक प्रभावशाली व्यक्ति है। पक्षों की सुनवाई के बाद उच्च न्यायालय ने गिरफ्तारी पर रोक लगाने की याचिका को खारिज कर दिया।