रामनगर (नैनीताल)। दिवसीय भ्रमण के साथ ही अब बुधवार से कॉर्बेट नेशनल पार्क के सभी वन विश्राम भवनों में रात्रि विश्राम की सुविधा भी मिलने लगी है। इससे पर्यटकों के साथ ही पर्यटन व्यवसायियों के चेहरे भी खुशी से खिल उठे हैं।
कॉर्बेट पार्क का ढिकाला जोन सबसे अधिक लोकप्रिय है। वहां सामूहिक पर्यटन गतिविधियों के लिए दो पालियों में धनगढ़ी गेट से खुले कैंटर से दिवसीय भ्रमण भी होता है। कैंटर से सुबह की पहली पाली में 18 और शाम की दूसरी पाली में 30 पर्यटक घूमने गए। इनमें दो विदेशी, 28 भारतीय पर्यटक थे। इसके साथ ही दुर्गादेवी गेट से दोमुंडा जोन में सुबह एक जिप्सी में छह पर्यटक, सायंकालीन पाली में भी एक जिप्सी में चार पर्यटक गए। ढिकाला में रात्रि स्थगन के लिए 46 पर्यटक रवाना हुए जबकि शहर के निकटवर्ती बिजरानी जोन में चार पर्यटक रात्रि स्थगन के लिए गए हैं।
गर्मी तक दो पालियों में दिवसीय भ्रमण भी होगा
कॉर्बेट पार्क में कई बदलाव होंगे
फर्जी वेबसाइटों पर रोक लगाने के लिए शिकायत दर्ज
रामनगर (नैनीताल)। कॉर्बेट टाइगर रिजर्व (सीटीआर) के निदेशक सुरेंद्र मेहरा ने प्रेेेसवार्ता में बताया कि जल्द ही पार्क में कई बदलाव किए जाएंगे। पार्क की वेबसाइट को बदला जाएगा क्योंकि सीटीआर की वेबसाइट से मिलती-जुलती कई प्राइवेट वेबसाइटें भी बनी हैं। इससे पर्यटकों को असली वेबसाइट की पहचान करना मुश्किल हो रहा है। सीटीआर की पुरानी वेबसाइट एनआईसी ने बनाई थी लेकिन अब इसे आईसीए के माध्यम से बनाया जा रहा है। ताकि किसी एक आईपी एड्रेस से ज्यादा बुकिंग न हो सके। इसके साथ ही फर्जी वेबसाइटों पर रोक लगाने के लिए साइबर सेल में भी शिकायत दर्ज की गई है। ताकि कोई वेबसाइटों में छेड़खानी न करे। कॉर्बेट पार्क में ड्रोन से पर्यटकों की हर गतिविधियों, उनके वाहनों पर नजर रखी जाएगी। फिलहाल सप्ताहभर में ढिकाला जोन में दो ड्रोनों की मदद से यह अभियान शुरू किया जाएगा। पार्क को कूड़ामुक्त बनाया जा रहा है। इसके लिए पर्यटकों को 50 रुपये का बैग खरीदना होगा। यह बैग आसपास के ग्रामीण बनाएंगे। ढेला जोन में यह बैग अनिवार्य है। जल्द ही पार्क के अन्य सभी गेटों पर भी यह बैग उपलब्ध कराए जाएंगे। ताकि कार्बेट पार्क कूड़ा मुक्त बनेेगा और ग्रामीणों को भी रोजगार मिलेगा।
निश्चित दूरी, समय सीमा तक बाघ देखना होगा
रामनगर (नैनीताल)। कॉर्बेट पार्क में बाघ देखने की दूरी, समय तो निर्धारित था, लेकिन इसका सही पालन नहीं हो पा रहा था। कई पर्यटक बाघ के नजदीक तक पहुंच जाते थे। वह बाघ के ओझल हो जाने तक उसे निहारते, फोटोग्राफी करते रहते थे, लेकिन अब बाघ को देखने की दूरी 20 मीटर से अधिक रहेगी। पर्यटक समय 5-10 मिनट तक ही देख पाएंगे। इस नियम का पालन कराने के लिए पार्क प्रशासन ने दो टीमें बनाई हैं। यदि किसी पर्यटक से यह नियम तोड़ा तो उससे जुर्माना वसूला जाएगा क्योंकि बाघिन के साथ बच्चे दिखने पर बाघिन का स्वभाव भी बदल जाता है। इसको देखने उक्त क्षेत्रों में भी टीम पर्यटक समय के बाद भी उन क्षेत्रों में उन बच्चों वाली बाघिन पर नजर रखगी। उसके स्वभाव को देखते हुए जरूरी व्यवस्था की जाएगी।
नेचर शॉप फाउंडेशन चलाया
रामनगर (नैनीताल)। कार्बेट पार्क के धनगढ़ी गेट, बिजरानी आदि क्षेत्रों में नेचर शॉप टाइगर कंजर्वेशन फाउंडेशन फॉर सीटीआर चलाएगा। इससे पार्क अपनी आय बढ़ाएगा। इसके लिए पार्क प्रशासन ने जीएसटी नंबर भी ले लिया है। इसमें बाघ संरक्षण के प्रोत्साहन से जुड़ी वस्तुओं की बिक्री की जाएगी।