हल्द्वानी। इंदिरानगर क्षेत्र में पेयजल किल्लत दूर करने और आधी अधूरी पेयजल लाइन का निर्माण पूर्ण करने की मांग को लेकर इंदिरानगर के लोगों ने पार्षद फईम जेबा सलमानी और पूर्व सभासद शकील अहमद सलमानी के नेतृत्व में जलसंस्थान दफ्तर में प्रदर्शन किया।
जलसंस्थान के अधिशासी अभियंता को सौंपे ज्ञापन में कहा कि इंदिरानगर वार्ड 21 में तीन इंच की पेयजल लाइन बिछाई जा रही है लेकिन उसे अधूरा छोड़ दिया गया है। वार्ड के ठोकर में भी अधूरी पेयजल लाइन का निर्माण किया गया है। वार्ड 21 और 14 में पेयजल की किल्लत बनी है। मस्जिदों और मंदिरों में पानी नहीं आ रहा है। पानी नहीं आने से स्कूलों में मिड डे मील नहीं बन पा रहा है। प्रदर्शन करने वालों में जैबा अंसारी, सिमरन मलिक, सिम्मी अंसारी, वकील अहमद, सुहैल अहमद, अंबर अली, सोनू अंसारी, अनस, असलम, भूरा भाई, आसिफ, लियाकत, अजीम खान आदि शामिल थे।
टीपीनगर, घूनी में खराब हुए नलकूप
हल्द्वानी। घूनी नंबर एक और टीपीनगर के नलकूपों की मोटर फिर खराब हो गई है। नलकूप खंड के भी छह ट्यूबवेल खराब पड़े हैं। हरेंद्र सिंह ऐरी और दिनेश चंद्र थुवाल ने बताया कि जलसंस्थान के अधिकारियों से शिकायत की गई है। टीपीनगर के नलकूप की मोटर दो महीने में तीसरी बार फुंक गई है। नलकूप खराब होने से देवलचौड़, प्रेमपुर लोसज्ञानी, मानपुर उत्तर, मानपुर पश्चिम, मानपुर पूरब, देवलचौड़ बंदीबस्ती, नैनी विहार, जीतपुर नेगी, ट्रांसपोर्ट नगर समेत तमाम इलाकों में पेयजल सप्लाई ठप है।
पेयजल के साथ ही अब बढ़ेगा सिंचाई का संकट
हल्द्वानी। ग्रामीण क्षेत्रों में गेहूं की फसल संभालने के बाद अब खरीफ (धान) की फसल का सीजन शुरू होने जा रहा है। शहर और ग्रामीण क्षेत्र के कई नलकूप खराब हैं। गौलापार इलाके में नहरें भी क्षतिग्रस्त हैं। नलकूपों के खराब होने और क्षतिग्रस्त नहरों की वजह से तमाम इलाकों में पानी का गंभीर संकट बना हुआ है। अब सिंचाई का समय नजदीक आ रहा है। ऐसे में इलाके में सिंचाई का संकट भी पैदा हो जाएगा।
गौलापार, लामाचौड़, फतेहपुर, ईसाई नगर, तल्ली हल्द्वानी, हल्दूचौड़, मोटाहल्दू, तीनपानी, लालकुआं, बिठौरिया, बैड़ीखत्ता, पंचायतघर समेत तमाम इलाकों में सिंचाई होती है। गौलापार क्षेत्र के लोग खेती किसानी पर ही निर्भर हैं। क्षेत्र में आधा दर्जन से अधिक नलकूप खराब हैं और कई नहरें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हैं। बीडीसी सदस्य अर्जुन बिष्ट, प्रधान तारा सिंह, जिला पंचायत सदस्य प्रकाश गरजोला, लाखन निगल्टिया आदि ने क्षतिग्रस्त नहरों और नलकूपों की मरम्मत करने की मांग की है। इधर, नलकूप खंड के अधिशासी अभियंता डीसी सनवाल का कहना है कि बजट नहीं मिलने से नलकूपों की मरम्मत नहीं हो पा रही है जबकि सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता तरुण कुमार बंसल का कहना है कि क्षतिग्रस्त नहरों की मरम्मत के लिए प्रस्ताव शासन को भेजा गया है लेकिन अभी तक धनराशि नहीं मिलने से मरम्मत नहीं हो पा रही है।