हल्द्वानी। देश की आजादी के बाद हुए युद्धों के शूरवीरों को प्रदेश सरकार 25 फरवरी को शहर में सम्मानित करेगी। सम्मान समारोह में कुमाऊं के 469 वीरता पदक प्राप्त सैनिकों या उनके परिवारों को बुलाया जाएगा। सम्मान समारोह का स्थान मंगलवार को तय किया जाएगा।
सम्मान समारोह के आयोजक मसूरी के विधायक गणेश जोशी ने सर्किट हाउस में जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने पत्रकारों को बातचीत में बताया कि आजादी के बाद हुए युद्धों में उत्तराखंड के कई जवानों ने शहादत दी है। कई जवानों को सेना की ओर से पदक भी दिए गए हैं।
अब उत्तराखंड सरकार ने आजादी के बाद हुए युद्धों में वीरता पदक से सम्मानित सैनिकों को सम्मानित करने का निर्णय लिया है। गढ़वाल में 24 दिसंबर को प्रदेश सरकार ऐसे सैनिक और उनके परिवारों को सम्मानित कर चुकी है। अब कुमाऊं के शूरवीरों को सम्मानित करने के लिए 25 फरवरी की तिथि निर्धारित की गई है।
प्रदेश में कुल जनसंख्या का 16 प्रतिशत सैनिक और अर्द्धसैनिक हैैं। कार्यक्रम स्थल चयन के लिए सैनिक कल्याण अधिकारी मेजर वीएस रावत के साथ सैनिक ब्लॉक प्रतिनिधियों के सुझाव लिए गए। प्रशस्ति पत्र प्रारूप, होर्डिंग्स, पोस्टर आदि द्वारा प्रचार-प्रसार के लिए बैठक में चर्चा की गई। इस दौरान धीरेंद्र सिह पंवार, एडीएम हरवीर सिंह, उपनिदेशक सैनिक कल्याण पुनर्वास पीबी गुरंग, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप बिष्ट, सूबेदार मेजर हयात सिह, जगदीश चंदोला, सूबेदार बलवीर सिंह, महेंद्र सिंह आदि मौजूद थे।