हल्द्वानी। जल संस्थान कर्मचारी संघ ने प्रभारी अधिशासी अभियंता संतोष उपाध्याय पर डेढ़ किलोमीटर के पनियाली गांव में छह किलोमीटर लंबी पेयजल लाइन बिछा कर 27 लाख रुपये का बजट हड़पने का आरोप लगाया है। संघ ने इस मामले की जांच विशेष जांच दल से कराने की मांग की है। अब इस मामले की जांच अधीक्षण अभियंता को सौंप दी गई है।
संघ का प्रभारी अधिशासी के खिलाफ धरना प्रदर्शन सोमवार को भी जारी रहा। कर्मचारी नेताआें ने कहा कि प्रभारी अधिशासी अभियंता पूर्व में ओवर हैड टैंकों के घोटाले, मृतक आश्रित कर्मी की उपस्थिति कम दिखाकर वेतन काटने के मामले में विभागीय जांच में दोषी साबित हो चुके हैं। आरोप है कि पनियाली में छह किमी लंबी लाइन बिछा कर 27 लाख रुपये के बजट में गोलमाल किया गया। पनियाली गांव का कुल विस्तार ही महज डेढ़ किलोमीटर तक है। कहा गया कि इस मुद्दे को संघ ने उठाया तो प्रभारी अधिशासी अभियंता ने लाइन बिछाने का काम शुरू कराया। इसकी शिकायत संघ ने मुख्य महाप्रबंधक से की तो काम बंद हुआ है। अब इस पूरे प्रकरण की जांच अधीक्षण अभियंता को सौंप दी गई है। धरना देने वालों में जीवन चिलवाल, कोमल यादव, गोविंद सिंह, मिथलेश शर्मा, प्रेम चंद्र गंगोला, मोहन चंद्र, विद्यासागर, कृपाल कार्की, सुखलेश कुमार, रमेश बहादुर आदि शामिल थे।