क्षेत्र में शुक्रवार रात को हुई भीषण बारिश के कारण सड़क का पूरा पानी और मलबा लोगों के घरों और खेतों में घुस गया। डर से लोगों ने रात जागकर गुजारी। मलबा भरने से धान की फसल नष्ट हो गई। घरों में रखा सामान खराब हो गया। ग्रामीणों ने प्रशासन से मुआवजा देने की मांग की है।
तूनखाल-यमकेश्वर मोटर मार्ग का मलबा पानी के साथ नदी के रूप में यमकेश्वर में बहने लगा। देखते ही देखते बरसात का पानी भगत सिंह, योगंबर सिंह और भगत सिंह के मकानों में भी घुस गया, पानी के घर के अंदर घुसते ही ग्रामीणों ने सामान को चारपाइयों के ऊपर रख दिया लेकिन तब भी काफी सामान खराब हो गया। पानी के साथ मलबे ने भगत सिंह, सुरेंद्र सिंह, मगन सिंह, प्रवीन सिंह, जगदीश नेगी, सतीश नेगी और वीरेंद्र नेगी के खेतों में खड़ी धान की फसल भी बर्बाद हो गई।
ग्राम प्रधान बडोली बडी विजयपाल सिंह नेगी, ग्रामीण भगत सिंह, योगंबर सिंह, राजेश सिंह ने बताया कि 2014 की आपदा के समय से तूनखाल-यमकेश्वर मोटर मार्ग पर गहरा गड्ढा हो गया है जिसके कारएण सड़क का पूरा पानी खेतों और घरों की ओर आने लग गया है। लोक निर्माण विभाग दुगड्डा के अधिशासी अभियंता राकेश चंद्रा ने बताया कि दो वर्षों से विभाग के पास पुश्ता निर्माण के लिये बजट नहीं होने के कारण इस पर निर्माण कार्य नहीं हो पा रहे हैं। बजट आने पर मार्ग पर कार्य शुरू किया जाएगा।