कैथोलिक डायसिस ऑफ बिजनौर/गढ़वाल के तीसरे बिशप के रूप में बिशप विंसेन्ट नेल्लाईपरम्बिल ने समारोह पूर्वक विधि-विधान से पदग्रहण किया। देश के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे 15 बिशप, 300 पुरोहितों की मौजूदगी में डायसिस के पूर्व बिशप जॉन वाडेकल ने नवनिर्वाचित बिशप विंसेन्ट नेल्लाईपरम्बिल को बिशप का मुकुट, अधिकार प्रदान किए । सेंट जोसफ कॉन्वेंट स्कूल के छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से समारोह में बांधा समा ।
शुक्रवार को सेंट जोसफ कॉन्वेंट स्कूल कोटद्वार के प्रांगण में आयोजित दीक्षांत और पदग्रहण समारोह का शुभारंभ अभिषेक पूजन से हुआ। तीन घंटे तक चले भव्य समारोह में सीरो मलाबार चर्च के मेजर आर्च बिशप जॉर्ज कर्डिनल अलेंचेरी, फादर जॉन वाडेकल, बिजनौर डायसिस के पूर्व बिशप ग्रेशियन मुंडाडन, आगरा के आर्च बिशप अल्वर्ट डीसूजा और बिशप पॉल ने नए बिशप का अभिषेक किया और उनके बिजनौर डायसिस के बिशप बनाने की घोषणा की। नवनियुक्त बिशप विंसेन्ट नेल्लाईपरम्बिल ने अपने संबोधन में पवित्र वाईबल की पंक्तियों में सप्रेम ईश्वर और मानव हितार्थ पर जोर दिया। उन्होंने लोगों से ईशा मसीह के बताए सेवा और मानव प्रेम के मार्ग पर चलने की अपील की। इस अवसर पर सेंट जोसफ कॉन्वेंट के प्राथमिक, जूनियर और सीनियर छात्र-छात्राओं ने गढ़वाली, पंजाबी, गुजराती, केरल, असम के एक से बढ़कर एक लोकनृत्यों की प्रस्तुति से दर्शकों को झूमने पर मजबूर किया। बच्चों के द्वारा प्रस्तुति की गई ईसा मसीह के संदेश पर आधारित नृत्य नाटिका ने खूब तालियां बटोरी।
इस अवसर पर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ के ओएसडी राजभूषण रावत, आर्च बिशप आलभट डीसूजा, फादर वर्गीस विदयत्तिल, सिस्टर डा. रूबी थेरेस, फादर साजू, फादर बिजू, सेंट जोसफ कॉन्वेंट स्कूल के प्रबंधक फादर जोस, प्रधानाचार्य सिस्टर प्रदीपा, भाजपा जिला महामंत्री बीरेंद्र रावत, समाजसेवी सत्यप्रकाश थपलियाल, केएल खंवाल सहित बड़ी संख्या में क्षेत्र के गणमान्य लोग मौजूद थे।