सोमवार शाम को सनेह क्षेत्र की ग्राम पंचायत कुंभीचौड़ के नाथूपुर में पांच वर्षीय बच्चे दिपांशु पर गुुलदार द्वारा किए गए हमले से आक्रोशित सनेह क्षेत्र के ग्रामीणों ने लैंसडौन के डीएफओ आवास के सामने प्रदर्शन किया। लोगाें ने डीएफओ का घेराव कर 24 घंटे के अंदर गुलदार को आदमखोर घोषित कर मारने की कार्रवाई करने मांग की। ऐसा नहीं होने पर क्षेत्रीय जनता को साथ लेकर आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी।
मंगलवार को सनेह क्षेत्र के ग्रामीण डीएफओ कार्यालय के सामने एकत्र हुए। उन्होंने डीएफओ के कार्यालय में मौजूद नहीं रहने पर उनके आवास पर प्रदर्शन किया। डीएफओ के आने पर ग्रामीणों ने गुलदार द्वारा बच्चे पर हमले पर नाराजगी जताई और गुलदार को आदमखोर घोषित करने का ज्ञापन सौंपा।
इस अवसर पर ग्रामीणों ने कहा कि बार-बार विन विभाग को क्षेत्र में गुलदार देखे जाने और पालतू पशुओं का शिकार करने की शिकायत के बाद भी विभाग सुस्त रवैया अपनाए हुए है। विभागीय लापरवाही का खामियाजा पांच वर्षीय मासूम को झेलना पड़ रहा है।
वह देहरादून के अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा है। अभी भी गांव में गुलदार देखे जाने के कारण लोगों में दहशत है। लोग घर से बाहर निकलने में अपने आप को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने वन विभाग से बच्चे के पूरे इलाज का खर्चा देने और 24 घंटे के अंदर गुलदार को आदमखोर घोषित करने की मांग की। इस पर डीएफओ मयंक शेखर झा ने घटना पर दुख जताते हुए ग्रामीणों को हरसंभव सहयोग देने का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर ब्लाक प्रमुख सुरेश असवाल, ग्राम प्रधान लालपानी संजय पंथवाल, डा. चंद्रमोहन खर्कवाल, आनंद सिंह नेेगी, चंद्रेश लखेड़ा, दान सिंह रावत, सतेंद्र सिंह रावत, रविंद्र जजेड़ी, मोहन सिंह रावत, गजपाल सिंह, महाराज सिंह, सतेंद्र सिंह नेगी, पान सिंह रावत व गंगा सिंह नेगी आदि मौजूद थे।