कोटद्वार। पूर्व सैनिक संघर्ष समिति ने उत्तराखंड की समान नागरिक संहिता (यूसीसी) के लिव इन रिलेशनशिप, स्थायी निवास और भूमि स्वामित्व से जुड़े नियम और प्रावधानों को हटाने या संशोधित करने की मांग को लेकर कोटद्वार तहसील में प्रदर्शन किया। इस मौके पर समिति के सदस्यों ने मुख्यमंत्री, राज्यपाल, प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा।
पूर्व सैनिक संघर्ष समिति के अध्यक्ष महेंद्रपाल सिंह रावत व महासचिव मदन सिंह नेगी की अगुवाई में पूर्व सैनिकों ने कोटद्वार तहसील में एकत्र होकर प्रदर्शन किया। पूर्व सैनिक यूसीसी के लिव इन रिलेशनशिप, स्थायी निवास और भूमि स्वामित्व से जुड़े प्रावधानों को हटाने अथवा संशोधित करने की मांग कर रहे थे। इस दौरान पूर्व सैनिकों ने कहा कि यूसीसी का उद्देश्य कानूनी समानता और लैंगिक न्याय सुनिश्चित करना है, लेकिन इसके उक्त प्रावधान उत्तराखंड की पारंपरिक सामाजिक संरचना और सनातन मूल्यों पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकते हैं। कहा कि लिव इन रिलेशनशिप विवाह की पवित्रता को कमजोर करने वाला, नैतिक पतन और सांस्कृतिक क्षरण को बढ़ावा देने वाला है। इससे देह व्यापार और अनैतिक कृत्यों को बढ़ावा मिलने का खतरा बना है। कहा कि लिव इन को कानूनी मान्यता से बाहर रखा जाना चाहिए।
इस अवसर पर अनसूया प्रसाद सेमवाल, रामप्रसाद डोबरियाल, नंदन सिंह रावत, ठाकुर सिंह गुसाईं, त्रिलोक सिंह रावत, जगत सिंह रावत समेत 45 से अधिक पूर्व सैनिक मौजूद रहे।