कोटद्वार। रेल लाइन पार एवं खोह नदी के बीच रहने वाले परिवारों का पैदल आवागमन रेलवे ने सुगम बना दिया है। दरअसल, रेलवे ने यार्ड क्षेत्र में रेलिंग लगाकर सीढ़ीनुमा रास्ता बनाया है। यहां से लाइन पार क्षेत्र के लोग सुरक्षित एवं सुगम आवागमन कर पा रहे हैं। स्कूली बच्चों, महिलाओं व बुजुर्गों को इसका काफी लाभ पहुंचा है।
कोटद्वार रेलवे स्टेशन के नए भवन का निर्माण चल रहा है। कुछ महीनों में रेल ट्रैक सुरक्षात्मक कार्य के अंतर्गत रेलवे यार्ड में रेल ट्रैक की साइडों में पिचिंग की गई थी, ताकि वर्षाकाल में रेल ट्रैक के आसपास कटान न हो। पिचिंग क्षेत्र में वर्षों पुराने बदहाल सीढ़ीनुमा रास्ते से लोग गुजर रहे थे। पिचिंग के दौरान रास्ते को ध्वस्त कर दिया गया था। लोगों को आशंका थी कि रेलवे ने सीढ़ीनुमा रास्ता बंद कर दिया है। अब उन्हें रेलवे मालगोदाम क्षेत्र से काफी लंबा रास्ता तय करना पड़ेगा। मगर रेलवे ने पिचिंग क्षेत्र में नए सिरे से सीढ़ीनुमा रास्ता बनाकर लोगों को राहत पहुंचाई है।
झूलाबस्ती के वसीम अहमद एवं लकड़ी पड़ाव क्षेत्र में काम करने वाले ओमपाल शर्मा ने बताया कि सीढ़ीनुमा रास्ता बनने से समय और धन दोनों की बचत होगी। काशीरामपुर तल्ला की मंजूलता, झूला बस्ती के सतीश ने बताया कि सीढ़ीनुमा रास्ता बनने से छोटे-छोटे स्कूली बच्चों को काफी सुविधा होगी। महिलाएं भी रेलवे स्टेशन, रोडवेज बस स्टैंड और बाजार आ-जा सकेंगी। वहीं, आसपास के लोगों का कहना है कि रोजमर्रा के जीवन में इसका काफी लाभ मिलेगा।
पहले फुट ओवरब्रिज और बाद में मिलेगी टिकट विंडो
भवन निर्माण कार्य पूर्ण होने पर द्वितीय चरण में लाइन पार की सघन आबादी को रेलवे स्टेशन और शहर से जोड़ने के लिए फुट ओवरब्रिज का निर्माण शुरू कराएगा। इसके लिए जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू होगी। भविष्य में लाइन पार टिकट विंडो भी स्थापित किए जाने की संभावना है। - सुबोध चौहान, प्रभारी गति शक्ति यूनिट मुरादाबाद