एमसीआई (भारतीय आयुर्विज्ञान परिषद) अगले 3-4 माह के अंतर्गत डिजीटल मोड़ मिशन प्रोजेक्ट (डीएमएमपी) को लागू करने के मूड में हैं। एमसीआई ने सभी मेडिकल कालेजों को बायोमीट्रिक मशीन से उपस्थिति और सीसीटीवी कैमरा लगाने के निर्देश दिए हैं।
बता दे कि एमसीआई देश भर के सरकारी और गैर सरकारी मेडिकल कालेजों पर कड़ा शिकंजा कसने जा रहा है। इसके तहत कालेजों को आवश्यक कदम उठाने के लिए कहा गया है। हाल ही में एमसीआई के ग्रेवांश सेल ने देश भर के मेडिकल कालेजों की बैठक बुलाई, जिसमें कहा गया कि आगामी मार्च माह तक डीएमएमपी का काम पूर्ण हो जाएगा।
कालेज की हर फैकल्टी (संकाय सदस्य) की हाजिरी का ब्यौरा एमसीआई के पास अपडेट रहेगा। बायोमीट्रिक हाजिरी मशीन एमसीआई के सर्वर से लिंक होगी। इससे एमसीआई पूरे देश में स्थित मेडिकल कालेजों के संकाय सदस्यों/चिकित्सकों की वास्तविक उपस्थिति पर नजर रख सकेगी।
बैठक से लौटे राजकीय मेडिकल कालेज श्रीनगर के कम्युनिटी मेडिसिन विभागाध्यक्ष प्रो. अमित सिंह ने बताया कि संकाय सदस्यों/चिकित्सकों के बायोमीट्रिक हाजिरी को आधार कार्ड से लिंक करने को कहा है। बताया कि जब उपस्थिति आधार कार्ड से लिंक होगी, तो हाजिरी में किसी प्रकार की गड़बड़ी पकड़ में आ जाएगी।